‘पद्मावती’ पर वसुंधरा ने तोड़ी चुप्पी, स्मृति को चिट्ठी लिख की ये अपील

वसुंधरा ने सूचना एवं प्रसारण मंत्री स्मृति ईरानी को चिट्ठी लिखकर आग्रह किया है कि पद्मावती फिल्म तब तक रिलीज न हो, जब तक इसमें जरूरी बदलाव नहीं कर दिए जाएं।

Published by tiwarishalini Published: November 19, 2017 | 9:18 am
Modified: November 19, 2017 | 9:27 am
'पद्मावती' पर वसुंधरा ने तोड़ी चुप्पी, स्मृति को चिट्ठी लिख की ये अपील

'पद्मावती' पर वसुंधरा ने तोड़ी चुप्पी, स्मृति को चिट्ठी लिख की ये अपील

नई दिल्ली : संजय लीला भंसाली निर्देशित फिल्म पद्मावती पर राजस्थान की सीएम वसुंधरा राजे ने अपनी चुप्पी तोड़ी है। वसुंधरा ने सूचना एवं प्रसारण मंत्री स्मृति ईरानी को चिट्ठी लिखकर आग्रह किया है कि पद्मावती फिल्म तब तक रिलीज न हो, जब तक इसमें जरूरी बदलाव नहीं कर दिए जाएं। जिससे किसी भी समुदाय की भावनाओं को ठेस न पहुंचे। केन्द्रीय मंत्री को चिट्ठी लिखने के लिए मेवाड़ के एक प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को सीएम वसुंधरा राजे से मुलाकात कर उनका आभार जताया।

चिट्ठी में क्या लिखा ?
-फिल्म पद्मावती के संबंध में सेंसर बोर्ड को भी फिल्म प्रमाणित करने से पहले इसके सभी संभावित नतीजों पर विचार करना चाहिए।
-प्रसिद्ध इतिहासकारों, फिल्मी हस्तियों और पीड़ित समुदाय के सदस्यों की एक समिति गठित की जाए।
-जो इस फिल्म तथा इसकी स्क्रिप्ट पर विस्तार से विचार-विमर्श करे।
-विचार-विमर्श के बाद ऐसे आवश्यक परिवर्तन किए जाएं, जिससे किसी भी समाज की भावनाओं को आघात न पहुंचे।
-फिल्म मेकर्स को अपनी समझ के अनुसार फिल्म बनाने का अधिकार है।
-लेकिन कानून व्यवस्था, नैतिकता और नागरिकों की भावनाओं को ठेस पहुंचने की स्थिति में मौलिक अधिकारों पर भी तर्क के आधार पर नियंत्रण रखने का प्रावधान भारत के संविधान में है।
-ऐसे में पद्मावती फिल्म की रिलीज पर पुनर्विचार किया जाए।

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