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बेटे के लिए कठोर हुए मुलायम, सीएम अखिलेश और रामगोपाल को 6 साल के लिए पार्टी से निकाला

Rishi

RishiBy Rishi

Published on 30 Dec 2016 1:04 PM GMT

बेटे के लिए कठोर हुए मुलायम, सीएम अखिलेश और रामगोपाल को 6 साल के लिए पार्टी से निकाला
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लखनऊ: समाजवादी पार्टी के मुखिया मुलायम सिंह यादव ने शुक्रवार को सीएम अखिलेश और रामगोपाल यादव दोनों को 6-6 साल के लिए पार्टी ने निकाल दिया है। उन्होंने शुक्रवार को दोनों को कारण बताओ नोटिस भेजने के बाद अपने आवास पर प्रेस कॉन्फ्रेंस पर इस बात का ऐलान किया। उन्होंने कहा, ''पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव प्रोफेसर रामगोपाल यादव ने 1 जनवरी, 2017 को आपातकालीन राष्ट्रीय प्रतिनिधि सम्मेलन बुलाया है। यह अधिकार सिर्फ पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष यानि की मुझे है। राष्ट्रीय अध्यक्ष के अलावा यह सम्मेलन कोई नहीं बुला सकता है। उन्होंने मुझसे एक बार भी इस सम्मेलन के बारे में कुछ नहीं पूछा। एक बार फिर अनुशासनहीनता के चलते रामगोपाल यादव को 6 साल के लिए पार्टी से निकाला जाता है। साथ ही इस सम्मलेन में सीएम अखिलेश का समर्थन भी शामिल है, जिसकी वजह से उन्हें भी 6 साल के लिए पार्टी से निकाला जाता है। मुझे परिवार नहीं, पार्टी बचानी है। मुख्यमंत्री कौन रहेगा यह हम तय करेंगे। अखिलेश को मैंने बड़े मन से सीएम बनाया था। '' प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुलायम सिंह के साथ प्रदेश अध्यक्ष और उनके भाई शिवपाल यादव भी मौजूद थे।

क्या कहना है गर्वनर रामनाईक का ?

गर्वनर रामनाईक ने कहा कि प्रदेश के हालात पर उनकी पूरी नजर है। यह पार्टी के अंदर का मामला है। पार्टी के मामलों में मेरा कोई दखल नहीं है। संवैधानिक संकट आने पर जरूरी कदम उठाऊंगा। फिलहाल अखिलेश सरकार पर कोई संवैधानिक संकट नहीं है। फिलहाल राजभवन अलर्ट है और टीवी चैनलों के जरिए हालात पर नजर बनाए हुए है। केंद्र सरकार भी राजभवन के संपर्क में है। राजभवन हालात की रिपोर्ट बनाकर केंद्र सरकार को भेजेगा।

आगे की स्लाइड में पढ़िए, किसने किया सीएम अखिलेश का भविष्य खराब...

भ्रष्टाचार

और क्या बोले सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह ?

-1 जनवरी, 2017 को होने वाला राष्ट्रीय प्रतिनिधि सम्मेलन पूरी तरह से असंवैधानिक है। मेरी सबसे अपील है कि इसमें शामिल न हों।

-जब उम्मीदवारों के नाम का ऐलान हो चुका था, तो फिर सीएम अखिलेश ने रात में नई लिस्ट जारी क्यों की।

-रामगोपाल को पार्टी में दोबारा वापस सिर्फ इसलिए लिया था, क्योंकि उन्होंने अपनी गलती स्वीकार थी।

-सीएम अखिलेश को समझ नहीं आ रहा है कि रामगोपाल यादव उसका भविष्य खराब कर रहा है।

-रामगोपाल सीएम अखिलेश से गुटबाजी करा रहा है। पार्टी में उनका कोई योगदान नहीं है।

-रामगोपाल यादव को सम्मेलन बुलाने का कोई हक नहीं है। उसने पार्टी को काफी कमजोर किया है।

-अभी तो सिर्फ रामगोपाल को पार्टी से 6 साल के लिए निकाला गया है। आगे सोचेंगे कि उन्हें कैसे और कड़ी से कड़ी सजा दी जाए।

-किसी भी तरह की अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुझे इस सम्मेलन के बारे में मीडिया से पता चला।

-मेरा लक्ष्य किसी को सजा देना नहीं है, लेकिन मैंने बहुत मेहनत से पार्टी बनाई है और मैं इस पार्टी को बचाना चाहता हूं।

-पार्टी विरोधी जो काम करेगा, उस पर कड़ी कार्रवाई होगी। सीएम अखिलेश अपना भविष्य खुद खराब कर रहा है।

-अखिलेश को उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री मैंने बनाया था। उठाकर देख लीजिए, कि क्या राजनीति में कोई पिता अपने बेटे के लिए ऐसा करता है।

वापसी का भी दिया इशारा

जब मुलायम सिंह यादव ने पूछा गया कि अगर अखिलेश यादव उनसे अपनी गलती की माफी मांग लेते हैं तो क्या वो दोबारा उन्हें पार्टी में ले लेंगे। इस पर नेताजी ने जवाब दिया है,''अगर बाप समझता होगा और माफी मागेगा तो फिर कुछ सोचा जाएगा।'' मतलब इशारा साफ था कि जब तक अखिलेश मुलायम सिंह से माफी नहीं मांगेंगे, तब तक उनकी पार्टी में वापसी संभव नहीं है।

सीएम आवास के बाहर जमकर हंगामा

सपा सुप्रीमो ने जैसे ही सीएम अखिलेश को अनुशासनहीनता के लिए पार्टी से 6 साल के लिए निकाला, अखिलेश समर्थकों ने सीएम अावास के बाहर हंगामा करना शुरू कर दिया। हालत को देखते हुए सीएम अावास की सुरक्षा की बढ़ा दी गई है। हाथ में अखिलेश के पोस्टर और बैनर लेकर कार्यकर्ता फैसले के विरोध में नारे लगा रहे हैं। अखिलेश समर्थक मुलायम सिंह मुर्दाबाद के नारे लगा रहे हैं। मुलायम सिंह यादव के आवास के सामने से अखिलेश और रामगोपाल के समर्थकों को हटाया गया है। आवास के बाहर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।

आगे की स्लाइड में देखिए, लेटर जारी कर सपा ने बताया 1 जनवरी के सम्मेलन को असंवैधानिक...

आगे की स्लाइड में सुनिए, मुलायम सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में और क्या कहा...

आगे की स्लाइड्स में देखिए, सीएम अावास के बाहर समर्थकों का हंगामा...

निष्कासन के बाद CM अखिलेश के आवास पर समर्थकों का हंगामा, भारी सुरक्षा बल तैनात

निष्कासन के बाद CM अखिलेश के आवास पर समर्थकों का हंगामा, भारी सुरक्षा बल तैनात

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Rishi

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आशीष शर्मा ऋषि वेब और न्यूज चैनल के मंझे हुए पत्रकार हैं। आशीष को 13 साल का अनुभव है। ऋषि ने टोटल टीवी से अपनी पत्रकारीय पारी की शुरुआत की। इसके बाद वे साधना टीवी, टीवी 100 जैसे टीवी संस्थानों में रहे। इसके बाद वे न्यूज़ पोर्टल पर्दाफाश, द न्यूज़ में स्टेट हेड के पद पर कार्यरत थे। निर्मल बाबा, राधे मां और गोपाल कांडा पर की गई इनकी स्टोरीज ने काफी चर्चा बटोरी। यूपी में बसपा सरकार के दौरान हुए पैकफेड, ओटी घोटाला को ब्रेक कर चुके हैं। अफ़्रीकी खूनी हीरों से जुडी बड़ी खबर भी आम आदमी के सामने लाए हैं। यूपी की जेलों में चलने वाले माफिया गिरोहों पर की गयी उनकी ख़बर को काफी सराहा गया। कापी एडिटिंग और रिपोर्टिंग में दक्ष ऋषि अपनी विशेष शैली के लिए जाने जाते हैं।

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