aimplb

एआईएमपीएलबी ने कहा कि एक मुस्लिम महिला नमाज के लिए मस्जिद में प्रवेश करने के लिए स्वतंत्र है। मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने कहा कि किसी एक धर्म की धार्मिक प्रथाओं को पूछताछ करने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।

जानकारी के मुताबिक, मुस्लिम पक्ष दिसंबर के पहले सप्‍ताह में सुप्रीम कोर्ट में रिव्यू पिटिशन दायर कर सकता है। एआईएमपीएलबी ने कहा कि मामले को आगे बढ़ाने के लिए सुन्नी वक्फ बोर्ड का फैसला कानूनी रूप से हमें प्रभावित नहीं करेगा।

वहीं अब खबर आ रही है कि सुन्नी वक्फ बोर्ड ने इस पर 26 नवंबर को आखिरी फैसला देने के लिए कहा है। साथ ही ये भी कहा है कि सरकार द्वारा दी गई जमीन को मुस्लिम पक्ष नहीं लेगा।

लखनऊ । ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की लखनऊ में आयोजित बैठक में शनिवार को साफ किया गया है कि अब बाबरी मस्जिद राम जन्मभूमि विवाद का समाधान बातचीत के रास्ते निकालने का दरवाजा बंद हो गया है। बोर्ड ने कहा है कि नवम्बर में इस विवाद का फैसला सुप्रीम कोर्ट से आने की उम्मीद है और बोर्ड ने वकीलों के माध्यम से सुप्रीम कोर्ट में जो दस्तावेज मुहैया कराए हैं, उसके आधार पर फैसला मुस्लिमों के पक्ष में आने की उम्मीद है।