amarnath yatra

इस साल अमरनाथ यात्रा 23 जून से शुरु होगी। आषाढ़ मास के द्वितीया से ये यात्रा शुरु होगी और रक्षाबंधन के मौके पर यानि 3 अगस्त 2020 को इस यात्रा का समापन होगा।

बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई पिछले 24-36 घंटों के दौरान हुई है। जानकारी के मुताबिक पाकिस्तान की ओर से कश्मीर की शांति भंग करने की लगातार कोशिश हो रही है। पाकिस्तान फायरिंग की आड़ में जैश-ए-मोहम्मद के आतंकियों की भारत में घुसपैठ कराने की फिराक में है।

साध्वी ने कहा कि जब पार्टी के मुखिया ही महिलाओं के अपमान पर बोलते हैं कि बच्चे हैं गलती हो जाती है। ऐसे में आजम खान कैसे महिलाओं का सम्मान कर सकते हैं।

जानकारी के अनुसार, जम्मू-कश्मीर में तकरीबन 270-275 आतंकी सक्रिय रूप से अपना काम कर रहे हैं, जबकि इनमें से 115 विदेशी आतंकी हैं। इस मामले में सूत्रों का कहना है कि करीब 200 आतंकी पाकिस्तान की तरफ से घुसपैठ करने की फिराक में हैं।

बीजेपी के राजनीतिक अजेंडे में धारा 370 शामिल है। पार्टी इसे हटाने के मूड में है। ऐसे में सरकार को इसपर निर्णायक फैसला लेने के लिए संसद से मंजूरी लेनी होगी। हालांकि, बीजेपी के लिए ये राह आसान नहीं होगी क्योंकि जेडीयू और अकाली दल इसके विरोध में हैं।

जम्मू-कश्मीर में अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती को लेकर राजनीतिक घमासान मचा हुआ है। इस बीच म्मू-कश्मीर पुलिस के डीजी दिलबाग सिंह ने सुरक्षाबलों की तैनाती पर कहा कि हमें इनपुट मिल रहे हैं कि घाटी में आतंकी बड़े हमले को अंजाम देने की फिराक में हैं

रिलायंस जियो अमरनाथ यात्रियों के लिए खास प्लान लेकर आया है। जियो ने 102 रुपए का प्रीपेड प्लान जारी किया है, जो जम्मू कश्मीर में अमरनाथ यात्रा पर गए लोगों के लिए है। हर साल इस तीर्थयात्रा पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु जाते हैं। जिसे ध्यान में रखते हुए जियो ने ये प्लान जारी किया है।

खुफिया सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पाकिस्तान समर्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी बालटाल रूट से आयोजित होने वाली अमरनाथ यात्रा के दौरान सुरक्षाबलों को निशाना बना सकते हैं।

राज्यपाल के मुख्य सचिव और श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड (एसएएसबी) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी उमंग नरूला ने बताया कि यह सुविधा 500 यात्रियों के प्रतिदिन दोनों मार्गों के लिए उपलब्ध रहेगी। इसे दोनों रास्तों पहलगाम मार्ग और बालटाल मार्ग के लिए शुरू किया गया है। इनसे से प्रत्येक मार्ग से 250-250 यात्री पंजीकरण करा सकेंगे।

46 दिनों की यह यात्रा अनंतनाग जिले के पारंपरिक पहलगाम मार्ग और गंदेरबल जिले के छोटे बालटाल मार्ग से एक जुलाई को शुरू होगी और रक्षा बंधन के दिन यानि 15 अगस्त को इसका समापन होगा।