Ayodhya verdict

:ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड अयोध्या फैसले बाद में रिव्यू पिटीशन दाखिल करने वाला है। लेकिन बोर्ड के स्टैंड से अलग सुन्नी वक्फ बोर्ड ने किसी भी पिटीशन दायर करने से खुद को अलग रखा है। बोर्ड के चेयरमैन जुफर फारूकी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद सुन्नी वक्फ बोर्ड अपने उसी स्टैंड पर कायम है

बता दें कि रविवार को हुई AIMPLB की बैठक के बाद जमीयत उलेमा-ए-हिन्द के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी ने कहा कि हम फैसले के खिलाफ रिव्यू पिटीशन (पुनर्विचार या समीक्षा याचिका) दायर करेंगे।

अयोध्या मे 5000 के आसपास मंदिर हैं। इन मंदिरों में देश के अलावा विदेशोें से भी काफी धन चंदे के तौर पर आता है। पूरे साल यहां त्यौहार का माहौल रहता है इसके अलावा समय समय पर लगने वाले मेलों में भी काफी श्रृद्वालु आते हैं जो लाखों का चढावा यहां दे जाते है। साधु संतो में टकराव की मुख्य वजह यही बताई जाती है।

अयोध्या राम मंदिर पर सुप्रीम फैसला सुनाने पांच न्यायमूर्तियों में शामिल, जस्टिस एस अब्दुल नजीर को जान से मारने की धमकी मिली है। इसके बाद केंद्र सरकार ने जस्टिस एस अब्दुल नजीर और उनके परिवार को जेड कैटेगरी की सुरक्षा देने का फैसला किया है।  

अयोध्या राम मंदिर मामले में सुप्रीम कोर्ट सीजेआई रंजन गोगोई की अगुवाई में पांच जजों की संवैधानिक पीठ ने शनिवार(9 नवंबर 2019) को फैसला सुनाया। कोर्ट ने विवादित भूमि का मालिकाना हक राम जन्मभूमि न्यास को दिया है, वहीं मुस्लिमों को मस्जिद बनाने के लिए अयोध्या में किसी और जगह 5 एकड़ वैकल्पिक जमीन दी जाएगी।

देश के नाम अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बहुत बारीकी से यह संदेश दे दिया कि अब देश में कटुता के लिए स्थान नहीं है। इतना ही नहीं, उन्होंने यह भी कहा कि अब नए भारत के निर्माण में सबको जुटना है।

जबलपुर की निवासी उर्मिला चतुर्वेदी सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से काफी खुश हैं, क्योंकि राम मंदिर निर्माण का संकल्प लेकर वर्ष 1992 में जो उपवास उन्होंने शुरू किया था, वह अब पूरा हो गया है। पिछले 27 साल से उपवास कर रहीं उर्मिला अभी 87 साल की हैं, लेकिन उनका संकल्प अब भी मजबूत है।

अयोध्या पर आए उच्चतम न्यायालय के फैसले के बाद रविवार को दिल्ली में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल के आवास पर बाबा रामदेव, स्वामी परमात्मानंद, स्वामी अवधेशानंद, शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे जवाद और अन्य धर्मगुरुओं की बैठक हुई।

सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिये गये अयोध्या फैसले पर बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान के पिता सलीम खान ने शनिवार को कहा कि अयोध्या में मुस्लिमों को दी जाने वाली पांच एकड़ भूमि पर स्कूल बनाया जाना चाहिए

सुप्रीम कोर्ट के अयोध्या पर फैसला देकर इस मामले को पूरी तरह शांत कर दिया है।  इससे राम मंदिर बनने का रास्ता साफ हो गया है। बहुत तथ्यों को साक्ष्य मानकर कोर्ट ने इस पर फैसला दिया है। जिसमें धार्मिक ग्रंथ भी आधार है चाहे वो देशी हो या विदेशी लेखकों के।