Central Pollution Control Board

BS का संबंध एमिशन स्टैंडर्ड से है। BS (Bharat Standard)  यानी  भारत स्टेज से पता चलता है कि आपकी गाड़ी कितना प्रदूषण फैलाती है। बीएस के जरिए ही भारत सरकार गाड़ियों के इंजन से निकलने वाले धुएं से होने वाले प्रदूषण को रेगुलेट करती है। BS के साथ जो नंबर होता है उससे ये पता चलता है कि इंजन कितना प्रदूषण फैलाता है।

एनजीटी के आदेश के अनुसार राज्यों को सीपीसीबी को 30 अप्रैल तक कार्ययोजना जमा करनी थी। ऐसा नहीं होने पर उन्हें एक करोड़ रुपये प्रति माह की दर से हर्जाना भरना होगा।

यह आदेश न्यायमूर्ति शबीहुल हसनैन और न्यायमूर्ति चंद्रधारी सिंह की पीठ ने सक्षम फाउंडेशन की ओर से दाखिल एक जनहित याचिका पर पारित किया।

उत्तर प्रदेश हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ में लगाई याचिका में यह बात सामने आई। याचिका दायर करने वाले ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से जुटाए गए आंकड़ों का हवाला देते हुए कोर्ट को बताया कि उत्तर प्रदेश के सात हजार पेट्रोल पंपों पर वेपर रिकवरी सिस्टम नहीं लगाए जा सके हैं।