Corona vaccine

इस वक्त पूरी दुनिया कोरोना वायरस से जंग लड़ रही है। ऐसे में तमान देश को वैज्ञानिक महामारी के खिलाफ वैक्सीन बनाने में जुटा हुआ है, ताकि कोरोना से जल्द से जल्द छुटकारा मिल जाए।

कोरोना वायरस ने हर चीज पर असर डाला है। जीवन का कोई पहलू इससे अछूता नहीं रह गया है। कोरोना वायरस के चलते बंदरों की मार्केट भी बदल गई है।

कोरोना वायरस की वैक्सीन को लेकर लंदन में चीन के राजदूत ने एक सभा के दौरान कहा कि उनके देश ने कोरोना की वैक्सीन तैयार कर ली है। लेकिन इसके बाद में चीन इससे पलट गया।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कोरोना वैक्सीन को लेकर बड़ा दावा किया है। कोरोना की वैक्सीन को लेकर गुरुवार को बड़ी बैठक हुई। जिसमें उन्होंने दावा किया कि अमेरिका में इस वैक्सीन के 2 मिलियन से भी ज्यादा डोज तैयार हैं।

देश में कोरोना से संक्रमित होने वाले मरीजों की संख्या में हाल के दिनों में काफी तेजी आई है मगर एक बड़ी खुशखबरी यह भी है कि काफी संख्या में मरीज इस वायरस के संक्रमण से उबर रहे हैं।

कोरोना वायरस महामारी से दुनियाभर में सभी देशों की हालत खस्ता है। ऐसे में दुनियाभर के तमाम वैज्ञानिक इस बीमारी से जल्द से जल्द निपटने के लिए कोरोना वैक्सीन तैयार करने में जुटे हैं। इस बीच चीन ने दावा किया है कि इस साल के अंत तक वैक्सीन मार्केट में आ जाएगी।

चीनी विज्ञान अकादमी के सदस्य रोत्सी ने बताया कि चीनी वैज्ञानिकों ने कोरोना वायरस मुकाबले के लिए अहम वैज्ञानिक प्रमाण दिए हैं।

इस बीच निहित स्वार्थ वाले लोग सत्ताओं की साँठगाँठ से महँगे सेनिटायज़र और नक़ली वेंटिलेटर बेचते रहेंगे और ड्रग ट्रायल भी चलते रहेंगे।कभी-कभी शक भी होने लगता है कि महामारी की गम्भीरता और उसके इलाज को लेकर जनता को सबकुछ ठीक-ठीक बताया भी जा रहा है या नहीं ?

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का समर्थन करने वाले देश के एक प्रमुख नेता ने कहा है कि कोरोना वैक्सीन का प्रयोग कैदियों के ऊपर किया जाना चाहिए।

हो सकता है कि इस वैक्सीन से कोई रिजल्ट ना मिले। क्योंकि ब्रिटेन में तेजी से कोरोना वायरस के मामले घट रहे हैं और संक्रमण दर में कमी आ रही है।