currency

RBI ने ये साफ़ किया है कि करेंसी नोट द्वारा किसी भी प्रकार का बैक्टीरिया या वायरस फैल सकता है और इसलिए करेंसी के उपयोग के बजाय लोगों को डिजिटल भुगतान का अधिक से अधिक इस्तेमाल करना चाहिए।

कोविड-19 के प्रहार से अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए एक नायाब तरीका अपनाया गया है- 'अपनी करेंसी खुद ही छापने का'। मामला है अमेरिका के वाशिंगटन राज्य के एक कस्बे टेनिनो का। इस छोटे से कस्बे की आबादी 1884 लोगों की है।

कोरोना का खौफ पूरी दुनिया फैल गया है। भारत में भी इस खतरनाक संक्रमण से तीन लोगों की मौत हो चुकी है, वहीं कोरोना मरीजों की संख्या बढ़कर 125 हो गई है। इस बीच कई सोशल मीडिया यूजर्स इस बात पर चिंता जता रहे हैं कि रोजमर्रा की जिंदगी में इस्तेमाल किए जाने वाले करेंसी नोटों के जरिए भी कोरोना वायरस फैल सकता है। तो जानते हैं इसमें कितनी सच्चाई है।

आने वाले दिनों में 100 रुपये के नोट में बड़ा बदलाव होने वाला है। आरबीआई इस बदलाव की तैयारी लंबे समय से कर रहा था लेकिन अब मोदी सरकार ने इसे मंजूरी दी है।

देश में नोटबंदी हुए 3 साल बीत चुके हैं। इन सालों में केंद्र सरकार और रिजर्व बैंक ने प्रचलन में चल रहे सभी नोटों का लुक बदल दिया है। 2016 के बाद से जो नोट छप रहे हैं वे पहले की तुलना में छोटे हो गए हैं।

मुद्रा डीलरों ने कहा कि विदेशी बाजारों में डॉलर में मजबूती से रुपये पर दबाव रहा। हालांकि , निरंतर विदेशी पूंजी निवेश ने रुपये की गिरावट को थामने का प्रयास किया। 

रियाद। सऊदी अरब में शादियां बहुत धूमधाम से करने का चलन रहा है लेकिन अब चीजें बदल रही हैं और इसका असर शादियों पर भी पड़ रहा है। वहां अब बड़ी नहीं, बल्कि छोटी शादियां होने लगी हैं। सऊदी अरब में बहुत से लोगों के लिए शादियां अपनी रईसी दिखाने का मौका होती हैं। कई …

भारतीय मुद्रा के चलन पर अब पड़ोसी मुल्क नेपाल ने रोक लगा दी है। बता दें, जब दो साल पहले भारत सरकार ने नोटबंदी की थी, तभी 100 रुपये से अधिक के भारतीय नोटों के चलन पर नेपाल ने रोक लगाई थी।

जापान के एक क्रिप्टोकर्रेंसी एक्सचेंज ‘कॉइन चेक’ ने दावा किया है कि हैकरों ने एक्सचेंज से 400 मिलियन डालर कीमत के 500 मिलियन एनईएम टोकन उड़ा लिए हैं। एनईएम भी बिट कॉइन जैसी क्रिप्टो कर्रेंसी है। कॉइन चेक ने पुलिस को बताया है कि यह नहीं पता चला है कि ये ‘चोरी’ किस तरह की गयी लेकिन ये पता चला गया है कि फंड्स कहाँ भेजे गए। इस चोरी के सूत्र तलाशे जा रहे

नई दिल्ली। आभासी मुद्रा यानी ‘क्रिप्टो करेंसी’ ने दुनियाभर में तहलका मचाया हुआ है। क्रिप्टो करेंसी का अन्य मुद्रा की तरह कोई भौतिक स्वरुप नहीं होता। यह एक ऐसी करेंसी है जिसको आप न तो देख सकते हैं और न ही छू सकते हैं। यह केवल इलेक्ट्रॉनिक स्टोर होती है अगर किसी के पास बिटक्वाइन …