donald trump

सम्मेलन में वह पर्यावरण के वैश्विक ज्वलंत मुद्दों, जलवायु और डिजिटल बदलाव पर बोलने के साथ विश्व नेताओं से मुलाकात करेंगे । सात अमीर मुल्कों के इस समूह (G-7) की बैठक में भारत विशेष आमंत्रित सदस्य है ।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी G-7 बैठक के दौरान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाक़ात कर सकते हैं। इस दौरान दोनों नेता कश्मीर मुद्दे पर खुलकर चर्चा भी कर सकते हैं। इसके अलावा दोनों नेता व्यापार पर बातचीत कर सकते हैं।

चीन और अमेरिका में ट्रेड वॉर को लेकर भिड़ंत जारी है। चीन ने फिर से अमेरिकी उत्पादों पर दो नए शुल्क लगा दिए है। जिसके बाद से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप काफी भड़के हुए हैं। ट्रंप ने बीजिंग पर हमला बोला और शुल्क बढ़ाने को 'अनुचित व्यापारिक संबंध' बताते हुए कहा कि चीन को 75 बिलियन डॉलर्स के अमेरिकी उत्पादों पर नए शुल्क नहीं लगाने चाहिए।

पाकिस्तान लगातार इस बात का दावा कर रहा है कि कश्मीर में मानवाधिकारों का उल्लंघन किया जा रहा है। ऐसे में ट्रंप मोदी से इस मुद्दे पर भी बात कर सकते हैं। मालूम हो, पीएम मोदी आज फ्रांस के प्रधानमंत्री से मुलाक़ात करने वाले हैं।

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत, ईरान, रूस और तुर्की जैसे देशों को अफगानिस्तान के आतंकवादियों से लड़ने के लिए आगाह किया। डोनाल्ड ट्रंप ने बताया कि केवल अमेरिका ही करीब सात हज़ार मील दूर आतंकवाद से लड़ने का काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि अन्य देश फिलहाल अफगानिस्तान में आतंकवादियों के खिलाफ बहुत कम प्रयास कर रहे हैं।

एआईएमआईएम अध्यक्ष और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने डोनाल्ड ट्रंप से फोन पर बात करने को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला किया है।

ट्रंप जम्मू-कश्मीर को लेकर एक बयान पहले भी चुके हैं। इस बयान में ट्रंप ने दोनों देशों को मध्यस्थता का ऑफर दिया था। यही नहीं, ट्रंप ने ये भी कहा था कि उनकी पीएम मोदी से बात हुई है और वह मध्यस्थता के लिए तैयार हैं। उनके इस बयान की काफी आलोचना हुई क्योंकि भारत की ओर से ऐसा कोई बयान नहीं दिया गया था।

जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने और प्रदेश के पुनर्गठन के बाद पाकिस्तान तिलमिलाया हुआ है। कश्मीर मामले पर भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ गया है। इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से बात की है।

ट्रंप ने ओवल ऑफिस में प्रधानमंत्री खान के साथ अपनी बैठक के दौरान एक सवाल के जवाब में कहा था कि, ‘‘यदि मैं मदद कर सकता हूं, तो मैं एक मध्यस्थ होना पसंद करूंगा। अगर मैं मदद करने के लिए कुछ भी कर सकता हूं, तो मुझे बताएं।’’

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप झूठ बोलने के लिए काफी बदनाम हैं। ऐसा खुद अमेरिकी मीडिया कह रही है। मीडिया ने ट्रंप की पोल खोलकर रख दी है। दरअसल, पाक प्रधानमंत्री इमरान खान ने ट्रंप से भारत ने कश्मीर मुद्दे पर उनसे मध्यस्थता की अपील की, जबकि भारत ने तुरंत इसका खंडन कर दिया।