imran khan

जम्मू-कश्मीर के मुद्दे पर पाकिस्तानी पीएम इमरान खान ने एक बार फिर राग अलापना शुरू कर दिया है। रविवार को इस्लामाबाद में इमरान खान ने डिजिटल मीडिया के प्रतिनिधियों के साथ बातचीत के दौरान कहा कि जम्मू-कश्मीर का स्वायत्त दर्जा बहाल होने तक भारत से कोई भी बातचीत संभव नहीं है।

भारतीय विदेश मंत्रालय ने भी पाकिस्तान की इस कार्रवाई को गंभीरता से न लेते हुए पाकिस्तानी स्टंट बताया है। विदेश मंत्रालय का कहना है कि महत्वपूर्ण बैठकों से पहले पाकिस्तान प्रायः ऐसी कार्रवाई करता रहा है।

पाकिस्तान की सुप्रीम कोर्ट ने इस केस को 5 जनवरी 2021 को सुनवाई करेगी। इसके साथ सुप्रीम कोर्ट ने पाकिस्तान अल्पसख्यक अधिकार आयोग के प्रमुख ,और मुख्य सचिव को समन किया है।

बलूचिस्‍तान लिबरेशन आर्मी ने बलूचिस्तान प्रांत में हुए हमले की जिम्मेदारी ली है। इस हमले में सात पाकिस्तानी सैनिकों की मौत हो गई थी। सैनिकों से उनके कपड़े उतार लिए गए थे और उनके हथियार तक छीन लिए गए थे।

पाकिस्तानी सेना की तरफ से बताया गया है कि सुरक्षाबलों ने जवाबी कार्रवाई की। इसके बाद दोनों तरफ से भीषण गोलीबारी हुई जिसमें सात सैनिकों की मौत हो गई। इलाके को घेर लिया गया है और हमलावर आतंकियों को पकड़ने के लिए बाहर जाने वाले सभी रास्तों को बंद कर दिया गया है।

सिंध प्रांत की सरकार ने हत्यारों को पाकिस्तानी सुप्रीम कोर्ट के एक आदेश का हवाला देते हुए नहीं रिहा करने का निर्णय लिया है। सिंध हाईकोर्ट ने गुरुवार को सुरक्षा एजेंसियों को आदेश दिया था कि शेख और अन्य आरोपियों को हिरासत में नहीं रखा जाए।

पुलिस की छापेमारी के बाद अल्बायर्क एंड ओज्पैक ग्रुप के प्रोजेक्ट मैनेजर केग्री ओजेल ने पाकिस्तान सरकार को पत्र लिखा है और माफी मांगने की बात कही है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर माफी नहीं मांगी गई तो कंपनी किसी भी नीलामी में शामिल नहीं होगी।

पाकिस्तान में 1000 रुपए किलो अदरक बिक रही है। इसके अलावा गेहूं 60 रुपए किलो बिक रहा है और चीनी 100 रुपये किलो से ज्यादा महंगी हो गई है। पाकिस्तान में लोग महंगाई से त्रस्त हो गए हैं। तो वहीं पाकिस्‍तान में रसोई गैस की भी किल्लत हो गई है।

इमरान खान से एक इंटरव्यू में सवाल किया गया कि गरीबी से परेशान लोग आखिरकार क्या खुदकुशी कर लें। अपने देश की जनता के लिए जवाब देते हुए इमरान ने कहा कि 'क्या करें अब?' बस इसके बाद से इमरान खान की जबरदस्त तरीके से आलोचना हो रही है।

रहमान ने कहा कि इमरान सरकार ने यदि विपक्ष की मांग नहीं मानी तो विपक्ष लंबे मार्च के लिए बाध्‍य होगा। उन्‍होंने कहा कि लंबे मार्च का ऐलान विपक्ष की 1 फरवरी के बाद होने वाली बैठक में तय होगा।