income tax

ठाणे के अंबीवाली में रहने वाले एक मजदूर जो लगभग 300 रुपए प्रति दिन कमाता है, उसे आयकर विभाग से एक नोटिस मिला है, जिसमें उसे 1 करोड़ रुपए से अधिक का भुगतान करने के लिए कहा गया है।

अर्थव्यवस्था में सुधार के उपायों पर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को कहा कि इस मसले पर काम जारी है। एसके साथ ही उन्होंने कहा कि आयकर में कटौती का विचार भी इनमें शामिल है।

आप मीडिल क्लास है साधारण नौकरी करते हैं और इनकम टैक्स  का भुगतान करते हैं तो जल्द मोदी सरकार की ओर से बड़ी राहत मिलने वाली है। सरकार मिडिल क्लास को इनकम टैक्स स्लैब में कौटती का तोहफा दे सकती है। इसकी घोषणा वित्त मंत्री  निर्मला सीतारमण 1 फरवरी, 2020 को पेश होने वाले बजट में कर सकती है

इनकम टैक्स विभाग ने देश की मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस को नोटिस जारी किया है। इनकम टैक्स ने कांग्रेस को ये नोटिस राजनीतिक चंदे को लेकर भेजा है। 2 दिसंबर को भेजे इस नोटिस में हैदराबाद की एक कंपनी द्वारा भेजे गए पैसों का हिसाब न देने की वजह बताया गया है।

इनकम टैक्स एक्ट में बदलाव सुझाने के लिए गठित की गई टास्क फोर्स अखिलेश रंजन ने इनकम टैक्स स्लैब में बदलाव करने की अपील की है। इस बदलाव

फेस्टिव सीजन के दौरान लोग सोना खरीदते हैं। दिवाली और धनतेरस के मौके पर सोना खरीदना शुभ माना जाता है। अगर आप भी सोना खरीदना चाहते हैं तो मोदी सरकार आपके लिए इस बार त्योहार के मौके पर शानदार स्कीम लाई है।

फेस्टिव सीजन में केंद्र की मोदी सरकार टैक्सपेयर्स को बड़ा तोहफा दे सकती है। मिली जानकारी के मुताबिक केंद्र सरकर जल्द टैक्स स्लैब में बदलाव की घोषणा कर सकती है। एक अंग्रेजी अखबार ने दो सरकारी अधिकारियों के हवाले से यह बातें कही हैं।

टास्क फोर्स की सिफारिश के मुताबिक 5 लाख रुपये से ज्यादा सालाना आमदनी हो जाए 10 लाख रुपये तक की आमदनी पर 10 फीसदी का टैक्स और 10 लाख रुपये से 20 लाख रुपये तक की आमदनी पर 20 फीसदी और 20 लाख रुपये से 2 करोड़ रुपये तक की आमदनी पर 30 फीसदी का टैक्स लें।

जीएसटी काउंसिल की बैठक से पहले वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को प्रेंस कांफ्रेंस किया। इस दौरान उन्‍होंने कंपनी और कारोबारियों के लिए बड़ी राहत देते हुए कॉरपोरेट टैक्‍स घटाने का ऐलान किया।

रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड कंपनी के चेयरमैन मुकेश अंबानी के परिवार के सदस्यों को इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने ब्लैक मनी एक्ट 2015 के तहत नोटिस भेजा है। यह नोटिस 28 मार्च 2019 को भेजा गया था।