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माडी शर्मा जैसे इंटरनेशनल बिजनेस ब्रोकर बड़ी शान से लिखते हैं, भारत आइए हम आपका खर्चा भी उठाएंगे। इसके अलावा एक और ट्वीट में प्रियंका गांधी ने सवाल उठाते हुए लिखा है कि PM ऑफिस में हमारी पहुंच है, हम आपको PM से भी मिलवायेंगे।

आज की बैठक में केंद्र सरकार ने अपने फैसले में पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) क्षेत्र से आकर भारत के कई राज्यों में आकर बसे 5300 कश्मीरी परिवारों को दिवाली का तोहफा दिया है। सरकार ने अब इन परिवारों को केंद्र की ओर से साढ़े 5 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का फैसला किया है।

जम्मू-कश्मीर में केंद्र सरकार के द्वारा अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद से अब वहां की स्थिति कुछ सामान्य होती नजर आ रही है। बता दें कि राज्य के डीजीपी दिलबाग सिंह ने बुधवार को कहा कि आतंकी संगठनों में स्थानीय युवाओं के नई भर्ती होने की कोई रिपोर्ट नहीं है।

दुश्मन देश भारत में आतंकी घटनाओं को अंजाम देने की कोशिशें कर रहा है, सीमा पार से लगातार घुसपैठ की कोशिश जारी है। हालांकि भारतीय सेना एक अटूट स्तम्भ बनकर पाकिस्तान को जवाब दे रही है।

आतंकी हमले में 40 जवान शहीद हो गए थे। इसी बीच घटना को लेकर एक बड़ी जानकारी सामने आई है। बताया जा रहा है कि 14 फरवरी को हुए सीआरपीएफ के काफिले पर हमला खुफिया एजेंसी की नाकामी थी। रोचक तथ्य यह है कि ये बात सीआरपीएफ

अगस्त में 5 आतंकियों को मार गिराया गया  जबकि एक को जिंदा पकड़ा गया है। मई के महीने में सेना और आतंकियों के बीच कई मुठभेड़ हुई। सिर्फ मई में ही सेना ने 27 आतंकियों को मार गिराया था जोकि बाकी सभी महीने में सबसे ज्यादा है। मई में ही सबसे ज्यादा 22 मुठभेड़ हुईं।

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने कश्मीर के लिए भारत को युद्ध की चेतावनी दी है। इमरान ने कहा कि अगर विश्व मेरा साथ नहीं देता है तो पूरी दुनिया को इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे

इसके साथ ही पाकिस्तान POK में भारतीय सेना की वर्दी पहने लोगों के अत्याचार के विडियो शूट कर उन्हें इंटरनेट पर फैला रहा है। अधिकारियों ने बताया कि जम्मू-कश्मीर प्रशासन जनजीवन को सुगम बनाने के लिए लोगों की आवाजाही, लैंडलाइन फोन, मोबाइल फोन नेटवर्क पर पाबंदियों को धीरे-धीरे हटा रहा है।

जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने ईद-उल-अजहा के शुभ अवसर पर लोगों को शुभकामनाएं देते हुए उनकी सलामती और समृद्धि की कामना की है । और उम्मीद जताई है कि जम्मू-कश्मीर के लोग अमन चैन से ईद-उल-अजहा का त्यौहार मनाएं।

जम्मू कश्मीर से 1990 में विस्थापित होकर लखनऊ आए कश्मीरी पंडितों ने धारा 370 के हटने की खुशी मनाई, और एक दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाईयां दी।