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स्कंदमाता दुर्गा मां का 5वां रूप है। कहते हैं कि मां के रूप की पूजा करने से मूढ़ भी ज्ञानी हो जाते हैं। स्कंद कुमार कार्तिकेय की मां होने के कारण इन्हें स्कंदमाता के नाम से जाना जाता  है। इनके विग्रह में भगवान स्कंद बालरूप में इनकी गोद में विराजित हैं। 

बजरंग बली से जुड़ी कहानियों और किस्सों को जानने में लोगों की दिलचस्पी  हमेशा बनी रहती है। इसके प्रमाण मिलने से लोगों की गहरी आस्था जुड़ जाती है। हनुमान जी और पाताललोक से जुड़ें ऐसे ही कुछ साक्ष्य हमें इंडिया से 1000किमी दूर मध्य अमेरिका के देश होंडुरस में मिले हैं।

नारियल को संस्कृत में श्रीफल कहा जाता है। हिंदू धर्म में देवी देवताओं की मूर्ति के सामने नारियल फोड़ने का रिवाज बहुत पुराना है। ज्यादातार धार्मिक संस्कारों में नारियल को रखा जा सकता है। कोई भी काम का शुभारंभ हो नारियल जरूर फोड़ा जाता है।

अक्सर लोग शादी को लेकर उलझन में रहते है कि शादी करें या ना करें। अगर करें भी तो कैसी शादी करें। ज्यादातर लोगों की चाहत लव मैरिज शादी की होती है। प्रेम एक खूबसूरत अनुभूति है। जब दो दिल एक होना चाहते हैं तो समाज बीच में आता है और अड़चने पैदा होने लगती है।

जिन लोगों का विवाह नहीं हो रहा हो या विवाह में विलंब हो रहा हो, उनको अच्छे जीवनसाथी के लिए माता कात्यायनी के इस मंत्र का जप  करना चाहिए, जैसे द्वापर युग में श्रीकृष्ण को पति रूप में पाने के लिए गोकुल की गोपियों ने इस मंत्र का जप किया था।

जयपुर: चैत्र शुक्ल पक्ष की प्रत्येक तिथि का धर्मशास्त्रों में  विशेष महत्व है। इसकी प्रतिपदा से चैत नवरात्रि शुरू होती है। इस दौरान  नवरात्रि के साथ रामनवमी होने से महत्व दोगुना हो जाता है। कहा गया है कि त्रेता युग में इसी दिन मर्यादा पुरुषोत्म राम का जन्म हुआ था। रघुकुल शिरोमणि महाराज दशरथ और …

जयपुर: स्कंदमाता दुर्गा मां का 5वां रूप है। कहते हैं कि मां के रूप की पूजा करने से मूढ़ भी ज्ञानी हो जाते हैं। स्कंद कुमार कार्तिकेय की मां होने के कारण इन्हें स्कंदमाता के नाम से जाना जाता  है। इनके विग्रह में भगवान स्कंद बालरूप में इनकी गोद में विराजित हैं।  देवी की चार …

जयपुर:  बजरंग बली से जुड़ी कहानियों और किस्सों को जानने में लोगों की दिलचस्पी  हमेशा बनी रहती है। इसके प्रमाण मिलने से लोगों की गहरी आस्था जुड़ जाती है। हनुमान जी और पाताललोक से जुड़ें ऐसे ही कुछ साक्ष्य हमें इंडिया से 1000किमी दूर मध्य अमेरिका के देश होंडुरस में मिले हैं। कहा जाता है …

जयपुर:  दैनिक जीवन में किसी भी कार्य के शुभारंभ के लिए मुहूर्रत और योग का होना जरूरी होता है, जिससे कि सही योग और सही समय पर काम हो सके और उनके परिणाम हमेशा शुभ रहे।ज्योतिष के अनुसार विशेष कार्याे के लिए विशेष योगों का वर्गीकरण किया गया कि किस कार्य को किस योग में आरंभ  करना …

जयपुर:जीवन में शांति नहीं तो कुछ भी नहीं। कभी-कभी पैसा और प्रतिष्ठा होने के बाद भी मन अशांत रहता है। घर में किसी न किसी बात पर क्लेश बना रहता है। अगर ऐसा हो रहा है तो इसकी वजह घर में मौजूद कोई वास्तुदोष तो नहीं। जानते हैं कुछ आसान से वास्तु उपायों के बारे …