lord rama

नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली अब कह रहे हैं कि भगवान राम भारतीय नहीं, नेपाली थे। वे यह भी कह रहे हैं कि असली अयोध्या भारत में नहीं, नेपाल के बीरगंज में है।

त्रेता युग में जिस कोशल नगरी का उल्‍लेख किया गया है वह कोशल देश आज का कसेल ही है। ग्रामीणों का दावा है कि इसी शिव मंदिर में माता कौशल्‍या पूजा करने आती थीं।

दूरदर्शन पर रामायण में  रावण का वध हो चुका है, और उत्तर रामायण शुरू हो गया है। जिसमे राजा राम व लव-कुश के जन्म की कथा का वर्णन हैं। सीता समेत श्रीराम चंद्र जी वनवास पूरा करके वापस अयोध्या आ गए हैं।  कहने का मतलब ये है कि प्रभु श्रीराम के जीवनकाल में एक समय ऐसा भी आया जब जिसने उन्हें राजगद्दी से हटाकर 14 साल का वनवास दे दिया।

वनगमन के समय भी विचलित न होने वाले शांत स्‍वभाव भगवान श्री राम को भी गुस्‍सा आया होगा। सहसा यकीन कर पाना मुश्किल है। मनुज रूप में अवतरित भगवान विष्‍णु को यह कोध्र कब-कब और किन-किन परिस्थितियों में आया था। यह शायद ही प्रभु प्रेमियों को पता होगा।

क्‍या आप जानते हैं कि प्रभु श्री राम की एक बहन भी थी। कहा जाता है कि वो उम्र भे श्री राम से काफी बड़ी थीं। लेकिन उनका रामचरितमानस में कही उल्‍लेख नहीं है।

अयोध्या के इतिहास को सबसे पुराना इतिहास कहा जाता है। वेद में अयोध्या को ईश्वर का नगर बताया गया है, अष्टचक्रा नवद्वारा देवानां पूरयोध्या और इसकी संपन्नता की तुलना स्वर्ग से की गई है।

बागपत (यूपी): केंद्रीय सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम राज्यमंत्री गिरिराज सिंह ने यहां रविवार को कहा कि भारत के मुसलमान प्रभु राम के वंशज हैं। वे मुगलों के वंशज नहीं हैं। इसलिए वे राम मंदिर का विरोध न करें और जो राम मंदिर का विरोध कर रहे हैं, वे भी समर्थन में आ जाएं, वरना …

लखनऊ: जब-जब रामायण की बात आती है तो लोगों के दिलों में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम के अलावा माता सीता का हरण करने वाले रावण की बुरी छवि जरुर याद आ जाती है। पर बहुत ही कम लोगों को पता है कि रावण को दुनिया का सबसे विद्वान इंसान माना जाता है। ऐसा खुद भगवान …

रामपुरः यूपी के कैबिनेट मंत्री आजम खान ने शनिवार को बीजेपी पर फिर निशाना साधा। आजम ने कहा कि बीजेपी तो अभी तक यही तय नहीं कर सकी है कि असली राम जन्मभूमि कहां है। क्या बोले आजम? -अच्छी बात है चुनाव से पहले अपने मालिक (भगवान राम) को बीजेपी याद कर रही है। -आजम …

[nextpage title=”NEXT” ] वाराणसीः  आज का यूथ वेस्‍टर्न कल्‍चर की ओर अट्रैक्‍ट होकर अपने कल्‍चर और सभ्यता से दूर होता जा रहा है। इसका जीता जागता उदहारण है हमारे धर्म ग्रन्थ। एक जमाना था कि रामायण की चौपाइयां लोगों के जुबां पर होती थी और आज अगर किसी खास वर्ग को छोड़ दिया जाए तो …