medical colleges

राजकीय एवं स्वशासी मेडिकल कालेजों तथा गैर स्वायत्तशासी चिकित्सा संस्थानों से सम्बद्ध चिकित्सालयों में गुणवत्तापरक औषधियों का न्यूनतम दरों पर क्रय, भण्डारण, पारदर्शी वितरण तथा सभी भर्ती रोगियों के लिए ‘राउण्ड-द-क्लाक’ उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश सरकार ने गाइडलाइन जारी करते हुए ‘‘चिकित्सा शिक्षा विभाग औषधि प्रबन्धन मार्गदर्शिका’’ लागू कर दी है।

देश में अकस्मात चिकित्सा सेवा में सुधार करने के उद्देश्य से, सरकार ने 2022 तक सभी मेडिकल कॉलेजों में आपातकालीन चिकित्सा विभाग (इमरजेंसी) को जरुरी कर दिया है। जो कॉलेज इस नियम को नहीं मानेंगे। उस कॉलेज की  एमबीबीएस की  पढ़ाई मान्य नहीं होगी। 

नेशनल कांफ्रेंस के प्रवक्ता डॉ. समीर कौल ने राज्य में इंटरनेट और फोन सेवा बंद होने की वजह से स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ने वाले मुद्दे को कोर्ट के समक्ष उठाया था, जिसे लेकर सुप्रीम कोर्ट की ओर से केंद्र को इस तरह का निर्देश जारी किया गया है।

प्रदेश के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह ने आज कहा कि उ0प्र0 बहुत बड़ी जनसंख्या वाला राज्य है, जिसके लिए चिकित्सा सुविधाओं की आवश्यकता भी बड़े स्तर पर है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चिकित्सा शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक करते हुए कहा है कि पहले चरण के पांच मेडिकल कॉलेज (बस्ती, अयोध्या, शाहजहांपुर, फिरोजाबाद और बहराइच) 31 अक्टूबर तक तैयार मिलने चाहिए।

देश सरकार ने राज्य के इसी साल शुरू किये गये पांच स्वशासी चिकित्सा महाविद्यालयों में उपचार के बेहतर प्रबन्ध, शैक्षणिक गतिविधियों को शीघ्र बढ़ाने, एमबीबीएस पाठ्यक्रम के साथ-साथ पांच-छह विषयों में डीएनबी कोर्स प्रारम्भ करने का निर्णय लिया है।

बिहार: संयुक्त प्रवेश प्रतियोगिता परीक्षा परिषद (बीसीईसीई) ने राज्य के सरकारी और निजी मेडिकल कॉलेजों में नामांकन के लिए सेकेंड काउंसिलिंग का शेड्यूल आज जारी कर दिया है। वेबसाइट पर कैटेगरी वाइज शेड्यूल और शामिल होने वाले अभ्यर्थियों का एनरोलमेंट नंबर अपलोड कर दिया गया है। अलग-अलग तिथियों में सुबह साढ़े नौ बजे से अभ्यर्थियों …

कानपुर: गोरखपुर और फर्रुखाबाद में ऑक्सीजन की कमी से हुई मासूमों की मौतों के बाद भी मेडिकल कॉलेजेस अभी चेते नहीं हैं। ऑक्सीजन की कमी ने एक और मासूम को अपने आगोश में ले लिया है। कानपुर के बाल रोग चिकित्सालय में ऑक्सीजन ना मिल पाने के कारण एक ढाई साल की बच्ची की मौत …

नई दिल्ली: सेन्ट्रल गवर्नमेंट ने साल 2018 से पूरे देश में एक ही इंजीनियरिंग एंट्रेंस टेस्ट कराने के प्रपोजल को मंजूरी दे दी है। मेडिकल में एडमिशन के लिए सिंगल नीट टेस्ट की तरह ही अब इंजीनियरिंग के स्टूडेंट्स को भी एक ही टेस्ट देना होगा। इस टेस्ट से करीब साढ़े तीन हजार इंजीनियरिंग कॉलेजेस …

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में जहां गोरखपुर को एम्स की बड़ी सौगात मिली है, वहीं नरेंद्र मोदी सरकार ने सूबे के पांच और जिलों को भी सेहत की बूटी दी है। केंद्र सरकार ने शाहजहांपुर, बस्ती, फैजाबाद, फिरोजाबाद और बहराइच में मेडिकल कालेज खोलने की घोषणा की है। केंद्र ने खोली, यूपी के लिए झोली -उत्तर …