Nepal

नेपाल के गृहमंत्री राम बहादुर थापा (Ram Bahadur Thapa) लिपुलेख बॉर्डर पर दो दिवसीय दौरे पर पहुंचे। इस दौरान थापा ने सीतापुल के पास छांगरु में नेपाली सशस्त्र सीमा प्रहरी बल यानी APF कंपनी भवन का भी शिलान्यास किया है।

नेपाल बीते कई दिनों से चीन के साथ अपनी नजदीकियां बढ़ता ही जा रहा है। दूसरी तरफ भारत के साथ नेपाल का सीमा विवाद तनावग्रस्त होता जा रहा। ऐसे में भारत और चीन के बीच सीमा भूमि विवाद बढ़ने की वजह से नेपाल का किरदार अब और भी अहम हो गया है।

लद्दाख में चल रही तनातनी के बीच चीन अपनी चालू चालों से बाज नहीं आ रहा है। लद्दाख में कभी गरम कभी नरम रुख अपना रहा है। चीनी राष्ट्रपति संयुक्त राष्ट्र में कहते हैं कि उन्हें युद्ध नहीं चाहिए और लद्दाख से लेकर डोकलाम तक उनकी सेना अपना मोर्चा मजबूत करने में जुटी है।

चीन की मदद से अपनी कुर्सी बचाने वाले नेपाल के प्रधानमंत्री के पी शर्मा ओली में चीन के सामने पूरी तरह सरेंडर कर दिया है। ओली सरकार ने नेपाल की धरती पर चीन की ओर से की जा रही मनमानी पर पूरी तरह आंखें मूंद रखी हैं।

कोरोना वायरस की वजह से कई देशों ने यात्रा प्रतिबंध लगा रखा है लेकिन ये पाबंदी हटते ही इन देशों की सैर बिना वीजा के झंझट के कर सकते हैं। जानते हैं उन 16 देशों के नाम जहां भारतीय बिना वीज़ा के घूम सकते हैं।

नेपाल से दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। पश्चिमी और पूर्वी नेपाल में भारी बारिश के बाद भूस्खलन हुआ है। भूस्खलन की घटनाओं में कम से कम 12 व्यक्तियों की मौत हो गई है जबकि 9 लोग लापता हो गए हैं।

चीन एक तरफ तो नेपाल को अपना अच्छा मित्र बताता आया है तो वहीं दूसरी ओर उसकी जमीन पर कब्जा करके नए-नए इमारतों का निर्माण कर रहा है। ऐसा करके चीन ने एक बार फिर अपनी बेवफाई का सबूत दिया है।

चीन द्वारा नेपाल की जमीन पर कब्जा करके भवन बनाए जाने के खिलाफ बुधवार को राजधानी काठमांडू में विरोध प्रदर्शन किया गया। युवाओं ने जमीन हड़पने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करते हुए चीन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। 

हाल ही में चीन की एक नई चाल का खुलासा हुआ है। दरअसल, अमेरिकी प्रतिबंध के बाद भी ईरान से सौदे के लिए भी चीन नेपाली बैंकों और कंपनियों का इस्तेमाल कर रहा है।

चीन अपने पड़ोसी देशों में लगातार विस्तारवादी नीति पर अमल कर रहा है और उसका चेहरा एक बार फिर दुनिया के सामने उजागर हुआ है। ‌