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महागठबंधन के नेताओं के लिए सत्ता विरोधी मतों का बंटवारा सबसे बड़ी चिंता का विषय बन गया है। यही कारण है कि छोटे दलों से चुनाव के मैदान में होने वाले सियासी नुकसान से बचने के लिए राजद और कांग्रेस की ओर से आक्रामक रणनीति बनाई जा रही है।

यूपी में दलित वोटों की जंग अभी से दिखने लगी है। पिछले दिनों जिस तरह से हाथरस प्रकरण की आड़ में राजनीतिक खींचतान देखने को मिली है। उससे साफ है कि इसके पीछे कहीं न कहीं दलित वोटों को सहेजने की कवायद भी छिपी है।

दिल्ली सरकार,एलजी, प्रशासनिक अफसरों और राजनीतिक दलों के साथ ताबड़तोड़ बैठक करने के बाद शाह ने दिल्ली में हालातों को सामान्य करने का प्लान बना लिया है। इसके लिए पहले उन्होंने रविवार को सीएम केजरीवाल और एलजी अनिल बैराज के साथ दो बार बैठक की, वहीं आज सर्वदलीय बैठक में कोरोना से निपटने के उपायों पर चर्चा की।

धानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए लोकसभा एवं राज्यसभा में विभिन्न दलों के नेताओं के साथ बातचीत करेंगे। कोरोनावायरस के कारण देशव्यापी लॉकडाउन है  इसी के बीच वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए यह बातचीत उन पार्टियों के फ्लोर लीडर्स से होगी, जि

भारतीय राजनीति में बढ़ते अपराधीकरण के खिलाफ याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने सभी राजनीतिक दलों को निर्देश जारी किया है। सुप्रीम कोर्ट ने सभी दलों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि उम्मीदवारों के अपराधिक ब्यौरों के बारे में चुनाव आयोग को जानकारी दें।

लोगों तक अपनी बात पहुंचाने में सोशल मीडिया एक सशक्त माध्यम बनकर उभरा है। फेसबुक और इन्स्टाग्राम से ज्यादा ट्विटर पर लोग अपनी बात शेयर कर रहे हैं।

देश में विधानसभा और लोकसभा चुनाव  एक साथ कराने को लेकर छिड़ी चर्चा के बीच आज पीएम नरेंद्र मोदी ने सभी राजनीतिक दलों के प्रमुखों की बैठक बुलाई है। देश में दोनों चुनाव एक साथ कराने की बहस पिछले कुछ महीनों से चल रही है।

लोकसभा चुनाव के माहौल में चुनावी चंदे की पारदर्शिता को लेकर जारी बहस के बीच सूचना के अधिकार (आरटीआई) से खुलासा हुआ है कि सियासी दलों को चंदा देने वाले गुमनाम लोगों ने सबसे महंगे चुनावी बॉन्ड खरीदने के प्रति भारी रुझान दिखाया।

भाजपा नेता बोले : इसी कारण उपचुनावों में पार्टी को मिली पराजय कपिल भट्ट जयपुर: राजस्थान की नौकरशाही को वैसे तो सीमाओं में रहने वाली व लो प्रोफाइल ही माना जाता रहा है, लेकिन अब हालात बदलने लगे हैं। पिछले कुछ सालों से राजनीतिक दलों ने नौकरशाही का उपयोग अपने राजनीतिक एजेंडे को पूरा करने …

नई दिल्ली: केंद्र सरकार की ओर से हर साल पेश किए जाने वाले बजट के बाद कुछ प्रतिक्रिया आम होती है। सत्ता पक्ष के नेता इसकी सराहना करते हैं तो विपक्ष इसकी आलोचना। प्रतिक्रिया देने वाले कुछ तो ऐसे होते हैं जिनकी प्रतिक्रिया बजट पेश होने के पहले ही तैयार होती हैं। नजर डालते हैं …