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ज्योतिष में सभी नौ ग्रहों में सबसे ज्यादा चलने वाला ग्रह है चंद्रमा, जो मन का कारक है। इस ग्रह का किसी  से कोई शत्रुता नहीं होती है। मतलब यह चंद्रमा का मित्र ग्रह  वैसे तो सूर्य  व बुध है लेकिन इसके अलावा भी इस ग्रह की अन्य ग्रहों से कोई शत्रुता नहीं होती है। चंद्रमा मंगल, गुरु, शुक्र व शनि से सम संबंध रखते है। चन्द्र कर्क राशि का स्वामी है।

भगवान शिव निराकार, निर्विकार ब्रह्म  है वो अमंगल को भी मंगल करते हैं। उनकी शरण में जाने से सारे पाप नष्ट हो जाते है । हिंदू पंचांग के अनुसार हर माह का प्रदोष , त्रयोदशी व चतुर्दशी तिथि भगवान शिव को समर्पित है। इस दिन उनकी पूजा करने से सारे मनोरथ पूर्ण होते हैं। इस दिन शिव की पूजा सपरिवार करते है।

कहते हैं कृष्ण के जन्म से हर तरफ खुशियां छा जाती है ,ऊर्जा का संचार होगा।कृष्ण का जन्म नई खुशियों लेकर आता है। मानस में प्रेम का संचार करता है। जन्माष्टमी पर  कृष्ण से जुड़े कुछ उपाय  है, जो जीवन में नई उमंग, प्रेम और उत्साह का संचार करते हैं। जानते हैं इनके बारे में।

गाय के शरीर में सोना भी होता है। जो दूध, मूत्र और गोबर में मिलता है। ये स्वर्ण दूध या मूत्र पीने से शरीर में जाता है और गोबर के माध्यम से खेतों में।

तांबे को सभी धातुओं में सबसे शुद्ध माना गया है। अगर कोई अन्य धातु का पात्र नहीं तो  पूजा में तांबे से बने पात्र का प्रयोग कर सकते हैं। तांबे से सभी भगवान को जल अर्पित कर सकते हैं। केवल शनि भगवान को कभी भी तांबे के पात्र से जल न दें।

जयपुर:15 मार्च से खरमास शुरू हो रहा है। हिंदू धर्म में ऐसी मान्यता है कि मलमास या खरमास का महीना शुभ नहीं होता है। इस दौरान कोई भी मांगलिक कार्य नहीं किए जाते। हिंदू धर्म में इस दौरान सभी पवित्र काम वर्जित माने गए हैं. माना जाता है कि यह मास मलिन होता है. इसलिए …

जयपुर:इस साल मकर संक्रांति खास संयोग की वजह से खास है। मकर संक्रांति के योग इस बार 2 दिन बन रहे है। इस बार मकर संक्रांति पर सर्वार्थसिद्धि योग बना है। सूर्य साल 2019 के मकर संक्रांति की रात्रि (14 जनवरी 2019) 8:08 बजे मकर राशि में प्रवेश करेंगे, जो 15 जनवरी (मंगलवार) दोपहर 12 …

जयपुर:हर घर में मंदिर या भगवान की मूर्ति होती हैं, जिसके दर्शन कर व्यक्ति अपनी सुबह की शुरुआत करता हैं। क्योंकि भगवान के दर्शन मात्र से शरीर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता हैं और पूरा दिन शुभ व्यतीत होता हैं। लेकिन क्या  जानते है कि भगवान की कुछ मूर्तियों के दर्शन करना वर्जित हैं, …

जयपुर: चलने के तरीका से भी लोगों का परखा जा सकता है। ज्योतिष विद्या की ही एक शाखा है सामुद्रिक शास्त्र, जिसके अनुसार व्यक्ति के हावभाव और दैनिक क्रियाओं को देखकर व्यक्ति के बारे में जानकारी हासिल की जा सकती हैं। जी हाँ, इसी क्रम में आज हम आपके लिए लेकर आए हैं व्यक्ति की …