Transfer

कोरोना वायरस की वजह से देशभर में लॉकडाउन के आदेश के बीच उत्तर प्रदेश में सरकार ने शिक्षकों के तबादले की प्रक्रिया रोक दी है। सरकार के बेसिक शिक्षा परिषद ने ने आज इस बाबत आदेश जारी किया। परिषद की ओर से जारी आदेश में साफ कहा गया है कि कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए सरकार ने 14 अप्रैल तक लॉकडाउन किया है।

उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा विभाग में बड़े पैमाने पर तबादले किये गये हैं। इसके तहत कई कर्मचारियों और अधिकारियों के कार्य क्षेत्र में स्थानंन्तरण किया गया है।

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने 17 आईएएस अधिकारियों का तबादला कर दिया है। 1986 बैच के आईएएस अधिकारी आलोक सिन्हा को कृषि उत्पादन आयुक्त (एपीसी) की जिम्मेदारी दी गई है।

कमलनाथ सरकार ने पुलिस प्रशासन में सोमवार को बड़ा फेरबदल किया है। सरकार ने 52 आईपीएस अधिकारियों के तबादले कर दिए। इसमें 15 जिलों के पुलिस अधीक्षकों(एसपी) को बदला गया है।

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने छह आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। इनमें मनीषा त्रिघटिया को राजस्व परिषद का नया आयुक्त एवं सचिव बनाया गया है। आशीष कुमार प्रयागराज के नए मुख्य विकास अधिकारी बनाए गए हैं।

दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट में बीते हफ्ते वकीलों और पुलिस के बीच झड़प केस में स्पेशल सीपी संजय सिंह और एडिशनल डीसीपी हरेंद्र कुमार का ट्रांसफर कर दिया गया है। बता दें कि इन दोनों को दिल्ली कोर्ट के आदेश पर हटाया गया है।

उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने एक बार फिर बड़े पैमाने प्रशासनिक पर फेरबदल किया है। सरकार ने शुक्रवार आधी रात 13 आईएएस, तीन आईपीएस और चार वरिष्ठ पीसीएस अधिकारियों का तबादला कर दिया। बदायूं के जिलाधिकारी दिनेश कुमार सिंह को जौनपुर का डीएम नियुक्त गया है।

उत्तर प्रदेश में अधिकरियों के तबादले का दौर जारी है। अब योगी आदित्यनाथ सरकार ने शुक्रवार रात 26 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। रितु माहेश्वरी को मुख्य कार्यपालक अधिकारी नोएडा बनाया गया है, तो वहीं माला श्रीवास्तव को बस्ती का डीएम बनाया गया है।

प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को सात पुलिस उपाधीक्षकों का स्थानान्तरण कर दिया। इसमें सुरेन्द्र यादव को पुलिस उपाधीक्षक शामली के पद से हटाया दिया है।

स्वास्थ्य विभाग में पिछले दिनों हुये पैरामेडिकल संवर्ग के तबादलों में मिली अनियमितताओं व भ्रष्टाचार की शिकायत के बाद शासन ने गंभीर रूख दिखाते हुये इन तबादलों की जांच के लिए विशेष सचिव रमेश कुमार त्रिपाठी की अध्यक्षता में एक तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया है।