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बुधवार को पाकिस्तान ने भारत के इस फैसले का पुरजोर विरोध किया और भारत के साथ सभी व्यापार बंद कर दिये। हालांकि, इससे भारत को किसी तरह का कोई नुकसान नहीं है। पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर को लेकर तमाम देशों से भी मदद की गुहार लगाई है लेकिन कोई उसकी मदद करने को आगे नहीं आया।

भारत में पुलवामा हमले के बाद जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के तीन स्थायी सदस्यों अमेरिका, ब्रिटेन और फ्रांस ने अजहर को वैश्विक आतंकवादी घोषित कराने के लिए 27 फरवरी को प्रस्ताव पेश किया था।

जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर को वैश्विक आतंकवादी घोषित किए जाने के राह में चीन ने एक बार फिर अड़ंगा लगा दिया है। जिससे अमेरिका नाराज है और चीन को कड़ी चेतावनी दी है।

आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के मुखिया मसूद अजहर को आतंकवादी घोषित कर प्रतिबंधित करने में 9 महीने लगाने पर भारत ने यूनाइटेड नेशन्स सिक्युरिटी काउन्सिल (यूएनएससी) की कड़ी आलोचना की है।

संयुक्त राष्ट्रः भारत को इस साल संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) में स्थायी सदस्यता नहीं मिल सकेगी। इस मुद्दे पर जनरल असेंबली के मेंबर एकराय नहीं बना सके। भारत इसी सेशन में स्थायी सदस्यता पर फैसला चाहता था। अब जनरल असेंबली अगले साल के सेशन में इस बारे में चर्चा करेगी। जी-4 ने जताया ऐतराज …