untouchability

बताते चले कि बलिया के एक प्राथमिक स्कूल में सवर्ण बच्चों के अपने घर से बर्तन लाने और दलित छात्रों से अलग बैठ कर मिड डे मील खाने की खबर सामने आयी है।

लखनऊ: दयानंद सरस्वती, राजा राममोहन राय, महात्मा गांधी और भीम राव अम्बेडकर के अथक प्रयासों और समाज से छुआछूत मिटाने के लिए लंबे वक्त तक जन आंदोलन होने के बावजूद 21वीं सदी के भारत में ये सामाजिक बीमारी अब भी घर किए हुए है। एक ताजा सर्वे में सामने आया है कि उत्तर प्रदेश के …

येदियुरप्पा पर आरोप है कि उन्होंने एक दलित परिवार द्वारा बनाया हुआ ‘खाना’ नहीं खाया बल्कि होटल से खाना मंगवाकर खाया।

आगरा: प्राथमिक शिक्षा के लिए राज्य और केंद्र सरकार के पास ढेरों नारे हैं, ढेरों किस्म के बजट हैं और ढेरों विभाग और कर्मचारी अधिकारी हैं। जाति व्यवस्था के खिलाफ ढेरों ढकोसले हैं, बड़बोले भाषण हैं और चमकती राजनीति है। लेकिन दांतों तले उंगली तब दबानी पड़ती है, जब मारवाड़ी इंद्रा नगर जैसी कोई बस्ती …

कानपुर देहात. कानपुर देहात के सरवनखेड़ा ब्लॉक के प्राइमरी स्कूल में दलित महिला प्रधान मिड-डे मील में गड़बड़ी को लेकर हेडमास्टर से बात करने पहुंची। इस दौरान उसके साथ बदसलूकी की गई। हेडमास्टर ने उस कुर्सी को भी धुलवा डाला जिस पर महिला बैठी थी। क्या है मामला? -सरवनखेड़ा ब्लॉक में बिरसिंहपुर स्कूल है। -बच्चों …