virus

चोरी छिपे हमला करने वाले विषाणुओं से मानवता का इतिहास भरा पड़ा है। 1910 में पहली न्यूमोनिक प्लेग महामारी हो या 2020 की कोविड-19, सबने जमकर उत्पात मचाया है...

अमेरिका की अंतरिक्ष रिसर्च एजेंसी और वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि दूसरे ग्रहों से लाए गए नमूने पृथ्वी पर किसी नए वायरस का खतरा बढ़ा सकते हैं।

चीन के लोगों के हाथ-पैर ठंडे पानी में डुबो दिए जाते। जब इंसान पूरी तरह से सिकुड़ जाता, तब उसके हाथ-पैर तेज गर्म पानी में डाल दिए जाते। इस प्रयोग में हाथ-पैर पानी में लकड़ी के चटकने की तरह आवाज करते हुए फट जाते।

मनुष्यों में विदेशी नोवेल कोरोना वायरस का प्रकोप ठंडा भी नहीं पड़ा है कि मक्का की फसल में दूसरे देश के कीट फॉल आर्मी वर्म ने भी हमला बोल दिया है। समय पर नहीं रोका गया तो यह करीब 40 फीसदी तक नुकसान कर देगा।

कोविड-19 से हो रही मौतोंके प्रकोप में एक खास पैटर्न नजर आता है - महिलाओं की तुलना में अधिक पुरुष गंभीर रूप से बीमार हो रहे हैं और मर रहे हैं। सिर्फ न्यूयॉर्क में ही कोविड-19 से अभी तक जितनी मौतें हुईं हैं उनमें 60 फीसदी से ज्यादा पुरुष हैं।

दुनिया पिछले बीस साल से सार्स, मर्स, इबोला, निपाह और अब कोरोना वायरस का प्रकोप झेल रही है। एक के बाद एक सामने आ रहे खतरनाक और अनजान वायरस के सामने वैज्ञानिक बेबस नजर आ रहे हैं। एक अनुमान है कि धरती पर करीब 10 खरब वायरस हैं।

अमेरिका में कोरोना वायरस का कहर जारी है। एक खबर के मुताबिक, 'जॉन हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी' ने आंकड़ा जारी किया है कि अमेरिका में अभी तक एक दिन के भीतर सबसे ज्यादा 1480 लोगों की मौत हुई है। यह आंकड़ा गुरुवार शाम से लेकर शुक्रवार शाम तक है। अमेरिका में एक दिन में इस संक्रमण से मरने वालों की यह संख्या अबतक की सबसे बड़ी संख्या है।

कोरोना के बढ़ते प्रकोप ने भारत को भी डरा दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  ने गुरुवार  को कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप के बीच लोगों को संबोधित किया। अपने भाषण में पीएम मोदी ने लोगों को अहम सुझाव दिए और कई तरह के इस महामारी से बचने के लिए कई तरह के उपाय बताए। पीएम मोदी ने जनता से अपील कर कहा

ईरान में कोरोना वायरस से एक हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। देश के सभी 31 प्रान्तों में कोरोना संक्रमण फैलता ही जा रहा है. इसकी वजह भी हैरान करने वाली है। दरअसल, ईरानी लोग और ईरान सरकार खुद ही इसके लिए जिम्मेदार हैं।