winter season

मटर में पाए जाने वाला प्रोटीन और फाइबर भी ब्लड शुगर को बढ़ने से रोकते हैं। इसमें विटामिन-A, B, C और K भी पाया जाता है जो डायबिटीज के खतरे को कम करता है।

हल्के हाथों से उन्हें धोएं, लेकिन ध्यान रखें कि जिन कपड़ों पर केवल ड्राई क्लीनिंग के निर्देश दिए हों, उन्हें इस प्रकार न धोएं।

हलवे में दूध डालकर इसे कैल्शियम और प्रोटीन से युक्त किया जाता है। काजू और किशमिश हलवे में प्रोटीन और एंटीऑक्सीडेंट को जोड़ते हैं। हलवे में शुद्ध घी शरीर को सर्दियों में होने वाले दर्द को कम करने के लिए जरूरी गुड फैट देता है।

कोरोना काल और कड़कड़ाती ठंड की खुश्क हवाओं, खांसी और जुकाम जैसी समस्याओं से बचाने के लिए नवजात शिशुओं और बच्चों की विशेष देखभाल करनी चाहिए। कैसे इससे बचाना चाहिए और उनकी देखभाल में क्या-क्या सावधानी बरतनी चाहिए।

दिसंबर का आधा महीना बीत चूका है। ठंड दिन प्रति दिन बढ़ती ही जा रही है। ठंड से सर्दी जुखाम जैसी बीमारी लोगों में वीक इम्यूनिटी के चलते फ़ैल रही है।

यह मस्तिष्क की नसों को खोलता है, जिससे तनाव कम होता है, ब्रेन स्ट्रोक का खतरा कम रहता है। इसमें मौजूद बीटा कैरोटीन सर्दियों में होने वाले प्रदूषण से आंखों की रक्षा करता है।

17 दिसंबर से यूपी के ज्यादातर इलाकों में मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। फिलहाल तेज हवाओं और खिलती धूप की वजह से कोहरा छट गया है और न्यूनतम तापमान में वृद्धि आई है।

घर को साफ-सुधरा रखने के साथ अपनी चादर और कंबल को हर हफ्ते गर्म पानी से धोएं। ठंड से बचने के लिए अस्थमा के मरीज को अलाव के पास नहीं बैठना चाहिए। अस्थमा रोगियों के लिए ये काफी घातक साबित हो सकती हैं।

मेथी के लड्डू में कई सारी चीजें होती हैं जो आपको इन चीजों से दूर रखती है। ऐसा कहते हैं कि मेथी का लड्डू का रोजाना सुबह सेवन करने से अर्थराइटिस के कारण होने वाले दर्द से छुटकारा मिल जाता है।

सर्दियों में सही आहार और कुछ महत्वपूर्ण बातों का ख्याल रखने की जरूरत होती है। तो  जानते हैं सर्दियों के मौसम में आपको किन बातों का ख्याल रखना चाहिए....