×

Domain Authority: क्या होता है डोमेन अथॉरिटी, जानें सबकुछ

Domain Authority: डोमेन अथॉरिटी यह तय करता है कि किसी भी वेबसाइट और ब्लॉग को कितनी रैंकिंग देनी है। यह रैंकिंग 1 से लेकर 100 संख्या होती है।

Viren Singh
Written By Viren Singh
Published on: 30 Nov 2022 2:04 AM GMT
Domain Authority
X

Domain Authority (सोशल मीडिया)  

  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • koo
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • koo
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • koo

Domain Authority: डोमेन अथॉरिटी शब्द काफी प्रचलित है। आपने सुना भी होगा। लेकिन कभी आपने यह सोचने की कोशिश की आखिर डोमेन अथॉरिटी होता क्या है? इसका होने से बिजनेस में क्या प्रभाव होता है? इतना ही अगर आप कोई व्यापार शुरू किया है और उसको ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर ले जाना चाह रहे हैं तो डोमेन अथॉरिटी महत्व और अधिक बढ़ जाता है। तो आईये आज हम इस लेख के माध्यम से डोमेन अथॉरिटी के बारे में बात करेंगे कि आखिर वह होती है और इसका महत्व कितना है?

क्या होती है डोमेन अथॉरिटी?

डोमेन अथॉरिटी यह तय करता है कि किसी भी वेबसाइट और ब्लॉग को कितनी रैंकिंग देनी है। यह रैंकिंग 1 से लेकर 100 संख्या होती है। वेबसाइट और ब्लॉग की रैंकिंग संख्या जितनी अच्छी होती है, वह उतनी ही ज्यादा गूगल पर सर्च होती है। डोमन अथॉरिटी में अगर किसी वेबसाइट को 1 रैंकिंग मिलती है तो वह बहुत खराब माना जाता है। अगर किसी बेवसाइट को 100 रैंकिंग मिलती है तो वह सबसे अच्छी होती है। डोमन अथॉरिटी को शार्ट भाषा में डीए भी कहा जाता है और उसको मोज कंपनी ने तैयार किया है और यह एक मीट्रिक है।

किसी भी वेबसाइट की गूगल या फिर किसी अन्य सर्च इंजन में उसकी क्या वैल्यू है, यह डोमेन अथॉरिटी तय करता है। इसकी माप Logarithmic Scale पर होती है,जिसके जरिए वेबसाइट को नबंर मिलता है। मोज ने 2019 में डोमेन अथॉरिटी का नया अपडेट लॉन्च किया है,जिसको डोमेन अथॉरिटी 2.0 नाम दिया गया है।

ऐसे बढ़ती है डोमेन अथॉरिटी

डोमेन अथॉरिटी देने के लिए MOZ ने फैक्टर तैयार किये हैं। यह केवल MOZ को ही पता होतें है। हालांकि कुछ अन्य फैक्टर हैं, जिन पर काम करके आप बेवसाइट को टॉप रैंकिंग दिला सकते हैं। आईये डालते हैं उन फैक्टरों पर एक नजर?

  • सबसे पहले बैकलिंक बनाना

वेबसाइट को अगर सर्च इंजन पर अच्छी रैंकिंग चाहिए तो बैकलिंक एक बड़ा फैक्टर है। वेबसाइट के पास जिनता बैकलिंक होगा वेबसाइट डोमेन अथॉरिटी पर उतनी अच्छी रैंक करेगी।

  • Internal liking

इंटरनल लिंकिंग के जरिए भी डोमेन अथॉरिटी पर वेबसाइट पर रैंक को बढ़ाया जाता है। जब किसी पोस्ट को दूसरे पोस्ट पर लिंक होता है, उसे इंटरनल लिंकिंग कहा जाता है। इंटरनल लिंकिंग होने वेबसाइट पर आने वाला यूजर काफी समय तक रहता है। इससे बाउंस रेट भी वेबसाइट का कम होता है। इसलिए याद रखें कि वेबसाइट की डोमेन अथॉरिटी को बढ़ना है तो इंटरनल लिंकिंग पर ध्यान देना होगा।

  • High Quality Content

एक अच्छे लेखक की पहचान उसकी लेखनी से होती है तो वैसे वेबसाइट की डोमेन अथॉरिटी की रैंकिंग पहचान भी लेखनी से होती है। अगर वेबसाइट पर अच्छी क्वालिटी का कंटेंट होगा तो वेबसाइट की SERP (Search Engine Result Page) पर टॉप में रैंक करने की संभावना काफी हद कर बढ़ जाती है। आपका लिखा कंटेंट गूगल सर्च इंजन पर जितना रैंक करेगा, उनता डोमेन अथॉरिटी मजबूत होगा।

  • Website को Regular Update करना

जो भी वेबसाइट नियमित अपडेट होती रहती है और नए पोस्ट आते रहते हैं तो इससे डोमेन अथॉरिटी में सुधार होता है। इसके अलावा वेबसाइट पर पड़े पुराने पोस्ट को अपडेट करने से भी डोमेन अथॉरिटी काफी ठीक होती है।

Viren Singh

Viren Singh

Next Story