Hardoi News: भीषण आंधी से हरदोई में रेल व्यवस्था चरमराई, घंटों बाधित रहा ट्रेनों का संचालन
Hardoi News: हरदोई में भीषण आंधी के कारण रेल व्यवस्था प्रभावित हो गई। कई ट्रेनों का संचालन घंटों तक बाधित रहा, जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
Hardoi News(Photo-Social Media)
Hardoi News: उत्तर प्रदेश के हरदोई जनपद में सोमवार देर रात आए तेज तूफान और बारिश ने पूरे जिले की रफ्तार थाम दी। मौसम का सबसे ज्यादा असर रेलवे संचालन पर देखने को मिला, जहां कई ट्रेनें घंटों तक रास्ते में खड़ी रहीं। तेज हवाओं के कारण रेल मार्ग पर तकनीकी बाधाएं उत्पन्न हो गईं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। देर रात से लेकर सुबह तक रेलवे प्रशासन ट्रैक और ओएचई व्यवस्था को दुरुस्त करने में जुटा रहा।बताया गया कि तूफान के दौरान रोजा रेलवे स्टेशन के पास एक मालगाड़ी पर पेड़ गिर गया, जिससे ओवरहेड इलेक्ट्रिक लाइन क्षतिग्रस्त हो गई। इसके चलते रेल यातायात प्रभावित हो गया।
वहीं हरदोई रेलखंड पर बेहटा गोकुल और कोढ़ा स्टेशन के बीच अप लाइन की ओएचई वायर टूट गई। इसी दौरान प्रतापगढ़ से दिल्ली जाने वाली पद्मावत एक्सप्रेस का पैंटोग्राफ भी टूट गया। इस तकनीकी खराबी के बाद रेलवे को एहतियातन ट्रेनों का संचालन रोकना पड़ा।ओएचई वायर क्षतिग्रस्त होने और पैंटोग्राफ खराब होने के कारण अप रूट लगभग साढ़े छह घंटे तक प्रभावित रहा। लखनऊ की ओर से हरदोई आने वाली कई ट्रेनों को अलग-अलग स्टेशनों पर रोक दिया गया। कुछ ट्रेनें आउटर पर खड़ी रहीं तो कुछ को नियंत्रित गति से आगे बढ़ाया गया। डाउन लाइन पर भी कई ट्रेनें अपने तय समय से काफी देर से हरदोई पहुंचीं।तेज गर्मी और उमस के बीच ट्रेन यात्रियों की परेशानी और बढ़ गई। हरदोई रेलवे स्टेशन पर रातभर लोग अपनी ट्रेनों का इंतजार करते दिखाई दिए। कोई पूछताछ केंद्र पर जानकारी ले रहा था तो कोई मोबाइल एप और हेल्पलाइन के जरिए ट्रेन की लोकेशन जानने में जुटा रहा। छोटे बच्चों और बुजुर्ग यात्रियों को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
मौसम बिगड़ने और रेल संचालन बाधित होने की सूचना मिलते ही रेलवे के अधिकारी और तकनीकी टीम सक्रिय हो गई। रात में ही पावर ब्लॉक लेकर ओएचई मरम्मत का कार्य शुरू किया गया। खराब मौसम और तेज हवाओं के बावजूद कर्मचारी लगातार ट्रैक और विद्युत लाइन को दुरुस्त करने में जुटे रहे। कई घंटों की मेहनत के बाद सुबह करीब छह बजे ओएचई लाइन को फिट घोषित किया गया। इसके बाद धीरे-धीरे ट्रेनों का संचालन बहाल किया गया।रेलवे अधिकारियों के अनुसार सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ट्रेनों को नियंत्रित तरीके से चलाया गया। मौसम सामान्य होने और तकनीकी खामी दूर होने के बाद रेल यातायात को पटरी पर लाने का काम शुरू कर दिया गया। हालांकि देर रात से सुबह तक यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ा और कई ट्रेनें घंटों देरी से अपने गंतव्य की ओर रवाना हो सकीं।
यह ट्रेन है अपने निर्धारित समय से घंटे की देरी से संचालित हुई: 14014 सद्भावना एक्सप्रेस, आनंद विहार टर्मिनल से सुल्तानपुर जाने वाली यह ट्रेन रात 12:11 बजे के निर्धारित समय से लगभग 3 घंटे 37 मिनट देर से स्टेशन पहुंची।14208 पद्मावत एक्सप्रेस, दिल्ली से प्रतापगढ़ जाने वाली ट्रेन करीब 2 घंटे 29 मिनट विलंब से हरदोई पहुंची।14242 नौचंदी एक्सप्रेस, मेरठ से प्रयागराज जाने वाली यह ट्रेन भी लगभग 2 घंटे 1 मिनट की देरी से स्टेशन पहुंची।14207 पद्मावत एक्सप्रेस (अप लाइन), प्रतापगढ़ से दिल्ली जाने वाली यह ट्रेन बेहटा गोकुल स्टेशन के पास करीब चार घंटे तक खड़ी रही। 13009 डून एक्सप्रेस ट्रेन पहले हरदोई 43 मिनट की देरी से पहुंची, लेकिन आगे रवाना होने में इसे कुल 3 घंटे 3 मिनट की देरी हुई।
12229 लखनऊ मेल लखनऊ से नई दिल्ली जाने वाली यह ट्रेन लगभग 6 घंटे 30 मिनट देर से आगे रवाना हो सकी।14241 नौचंदी एक्सप्रेस प्रयागराज संगम से मेरठ जाने वाली ट्रेन करीब 6 घंटे 10 मिनट देरी से रवाना हुई।12231 चंडीगढ़ सुपरफास्ट एक्सप्रेस यह ट्रेन करीब 6 घंटे 22 मिनट देरी से हरदोई पहुंची। 15011 सहारनपुर एक्सप्रेस लखनऊ जंक्शन से चलने वाली यह ट्रेन लगभग 5 घंटे 30 मिनट देर से स्टेशन पहुंची। 13019 बाघ एक्सप्रेस हावड़ा से काठगोदाम जाने वाली ट्रेन करीब 5 घंटे 39 मिनट देरी से हरदोई पहुंची। 15001 राप्ती गंगा एक्सप्रेस मुजफ्फरपुर से देहरादून जाने वाली यह ट्रेन लगभग 4 घंटे 27 मिनट की देरी से स्टेशन पहुंची। इसके अलावा वंदे भारत एक्सप्रेस समेत कई रन थ्रू ट्रेनें और मालगाड़ियां भी घंटों तक अलग-अलग स्टेशनों और आउटर पर खड़ी रहीं।