TRENDING TAGS :
Fake Bank Website Scam: बैंक की फर्जी वेबसाइट बना रहे ठग, SBI-Axis ग्राहक रहें अलर्ट
Fake Bank Website Scam: I4C ने SBI, ICICI और Axis Bank जैसी दिखने वाली 57 संदिग्ध वेबसाइट और फिशिंग पेज चिन्हित किए हैं। जानें फर्जी बैंक वेबसाइट से कैसे बचें।
Fake Bank Website Scam: SBI-Axis Customers Alert, Check These Red Flags
Fake Bank Website Scam: डिजिटल दौर में तकनीकी क्रांति के साथ ही साथ साइबर फ्रॉड भी तेजी से अपनी जड़ें जमाता जा रहा है। ठग नित नए हथकंडे अपना कर लोगों की जमा पूंजी को मिनटों में खाली करने का काम बेखौफ होकर कर रहे हैं। इसी कड़ी में अगर आपके मोबाइल पर बैंक, क्रेडिट कार्ड, सरकारी योजना या किसी रिवॉर्ड से जुड़ा लिंक आता है, तो उसे खोलने से पहले एक बार रुकना जरूरी है। साइबर ठग अब ऐसे फर्जी वेबपेज और ऐप तैयार कर रहे हैं, जो पहली नजर में बिल्कुल असली बैंक वेबसाइट जैसे दिखाई देते हैं। इनका मकसद लोगों से बैंकिंग लॉगिन, कार्ड डिटेल, ओटीपी और दूसरी निजी जानकारी हासिल करना है। हाल में भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C) की जांच में ऐसे कई संदिग्ध पेज और वेबसाइट सामने आए हैं।
I4C ने 57 संदिग्ध वेबसाइट और पेज किए चिन्हित
सरकार की साइबर सुरक्षा से जुड़ी एजेंसी इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर (I4C) ने 57 संदिग्ध वेबसाइट, फिशिंग पेज और डेटाबेस की पहचान की। इनमें कुछ ऐसे पेज भी मिले, जो भारतीय स्टेट बैंक (SBI), ICICI Bank और Axis Bank की आधिकारिक वेबसाइट जैसे दिखाई दे रहे थे। रिपोर्ट के मुताबिक, इन्हें हटाने के लिए गूगल को जानकारी दी गई।
इन फर्जी वेबसाइट का सबसे बड़ा खतरा यही है कि सामान्य यूजर के लिए असली और नकली पेज में अंतर करना आसान नहीं होता। वेबसाइट का लोगो, रंग, लॉगिन बॉक्स और बैंकिंग से जुड़े विकल्प तक वास्तविक वेबसाइट की तरह बनाए जा सकते हैं।
बैंक लॉगिन के नाम पर चुराई जा रही जानकारी
फर्जी वेबसाइट खोलने के बाद यूजर को बैंक लॉगिन करने के लिए कहा जाता है। यहां बैंक यूजर आईडी, पासवर्ड, कार्ड नंबर या दूसरी जानकारी मांगी जा सकती है। जैसे ही ग्राहक यह जानकारी दर्ज करता है, वह साइबर ठगों तक पहुंच सकती है।
कई मामलों में ठग इसके बाद फोन पर आए ओटीपी या दूसरे सत्यापन कोड की जानकारी हासिल करने की कोशिश करते हैं। इस तरह एक साधारण लिंक पर क्लिक करना बैंक खाते और कार्ड से जुड़े बड़े जोखिम में बदल सकता है।
Firebase जैसे भरोसेमंद प्लेटफॉर्म का भी गलत इस्तेमाल
साइबर ठग फर्जी वेबसाइट बनाने के लिए Google Firebase जैसे भरोसेमंद प्लेटफॉर्म के कुछ टूल्स का दुरुपयोग कर रहे थे। फायर बेस वेबसाइट और ऐप विकसित करने के लिए इस्तेमाल होने वाला वैध प्लेटफॉर्म है, लेकिन किसी भी तकनीक की तरह इसका गलत इस्तेमाल भी किया जा सकता है। भरोसेमंद प्लेटफॉर्म से जुड़ा होने के कारण ऐसे फर्जी पेज पहली नजर में ज्यादा विश्वसनीय लग सकते हैं। इसलिए सिर्फ वेबसाइट का अच्छा डिजाइन या किसी बड़े ब्रांड का लोगो देखकर उस पर भरोसा करना सुरक्षित नहीं है।
PM-KISAN और क्रेडिट कार्ड रिवॉर्ड के नाम पर भी जाल
साइबर ठग सिर्फ बैंक ग्राहकों को ही निशाना नहीं बना रहे हैं। PM-KISAN की अगली किस्त, क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने, अतिरिक्त रिवॉर्ड पॉइंट या किसी विशेष ऑफर का लालच देकर भी लोगों को फर्जी लिंक और ऐप तक पहुंचाया जा रहा है।
कुछ मामलों में यूजर को APK फाइल डाउनलोड करने के लिए कहा जाता है। अनजान स्रोत से ऐसी फाइल फोन में इंस्टॉल करना खतरनाक हो सकता है। दुर्भावनापूर्ण ऐप फोन की संवेदनशील जानकारी तक पहुंच बनाने या ओटीपी और बैंकिंग से जुड़ी जानकारी चुराने की कोशिश कर सकता है।
नकली बैंक वेबसाइट पहचानने के लिए इन बातों पर दें ध्यान
सबसे पहले किसी SMS, WhatsApp मैसेज या ईमेल में आए अनजान लिंक पर सीधे क्लिक न करें। बैंक से जुड़ा कोई काम हो तो बैंक की आधिकारिक वेबसाइट या आधिकारिक मोबाइल ऐप को खुद खोलें। वेबसाइट का पता ध्यान से देखें और डोमेन की स्पेलिंग में मामूली बदलाव को भी नजरअंदाज न करें।
इसके अलावा बैंक कभी भी फोन या मैसेज के जरिए पासवर्ड, एटीएम पिन या ओटीपी साझा करने के लिए नहीं कहता। कोई व्यक्ति बैंक अधिकारी बनकर ऐसी जानकारी मांगे तो उसे बिल्कुल न दें।
अनजान APK से रहें दूर
मोबाइल में बैंकिंग ऐप हमेशा आधिकारिक ऐप स्टोर से ही डाउनलोड करें। WhatsApp, SMS, ईमेल या किसी वेबसाइट से मिली APK फाइल को इंस्टॉल करने से बचें। खासकर जब कोई लिंक आपको तुरंत कार्रवाई करने, इनाम पाने या बैंक खाता बंद होने का डर दिखाकर दबाव बनाए, तो सावधान हो जाएं। साइबर ठगी से बचने का सबसे आसान तरीका जल्दबाजी से बचना है। किसी भी लिंक पर क्लिक करने से पहले यह जांच लें कि वह वास्तव में किस वेबसाइट पर ले जा रहा है। थोड़ी सी सावधानी आपकी बैंकिंग जानकारी और मेहनत की कमाई को बड़े ऑनलाइन फ्रॉड से बचा सकती है।


