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Baby Do Die Do Collection Day 1: हुमा कुरैशी की फिल्म बेबी टू डाई टू क्या दे पाई अल्फा को टक्कर
Baby Do Die Do Box Office Collection Day 1: हुमा कुरैशी की फिल्म बेबी डू डाई डू ने बॉक्स ऑफिस पर पहले दिन कितना किया कलेक्शन जानिए
Baby Do Die Do Box Office Collection Day 1 (Image Credit- Social Media)
Baby Do Die Do Collection Day 1: हुमा कुरैशी एक बार फिर से एक ऐसी फिल्म दर्शकों के सामने लेकर आई हैं। जोकि महिला प्रधान है, इस फिल्म में कोई फेमस एक्टर नहीं है। हुमा कुरैशी लीड रोल में हैं। हुमा कुरैशी की इस फिल्म का मुकाबला आलिया भट्ट की फिल्म अल्फा से है। दोनों फिल्में आज ही सिनेमाघरों में रिलीज हुई है। हुमा कुरैशी की इस फिल्म को अक्षय कुमार की फिल्म वेलकम टू द जंगल का भी सामना करना पड़ेगा क्योंकि ये फिल्म पिछले हफ्ते ही सिनेमाघरों में रिलीज हुई है। और दर्शकों की पहली पसंद बनी हुई है। चलिए जानते हैं हुमा कुरैशी की फिल्म बेबी डू डाई डू ने बॉक्स ऑफिस पर कितना कलेक्शन किया है।
बेबी डू डाई डू बॉक्स ऑफिस कलेक्शन डे 1 (Baby Do Die Do Box Office Collection Day 1)-
इस फिल्म की शैली और शैली अनुराग कश्यप की ' केनेडी' से मिलती-जुलती है , बस फर्क इतना है कि यह उतनी बिखरी हुई या व्यंग्यात्मक नहीं है। नए जमाने के सत्ताधारी - जिनके नाम असल दुनिया के उद्योगपतियों और पूंजीपतियों से मिलते-जुलते हैं - पुराने विचारों वाले चेहरों और धर्मनिरपेक्ष कार्यकर्ताओं को घेर लेते हैं और उन्हें एक आत्माहीन भविष्य से मिटाने की धमकी देते हैं। सोशल मीडिया पर यूजर से लेकर क्रिटिक्स ने इसे एवरेज बताया है।
फिल्म के यदि पहले दिन के कलेक्शन की बात करें तो हुमा कुरैशी की फिल्म बेबी डू डाई डू ने बॉक्स ऑफिस पर पहले दिन कुछ खास कलेक्शन नहीं किया है। Sacnilk की रिपोर्ट के अनुसार, हुमा कुरैशी की फिल्म बेबी डू डाई डू ने अबतक बॉक्स ऑफिस पर केवल 12 लाख रूपए तक का ही कलेक्शन किया है।
हुमा कुरैशी की फिल्म बेबी डू डाई डू के बारे में (Baby Do Die Do Movie Plot)-
बेबी डू डाई डू एक निर्दयी हत्यारे की कहानी है। बेबी कर्माकर ( हुमा कुरैशी ) मुंबई में अपनी मां (मंगल केनकरे) के साथ रहती है और वह मूक-बधिर है। उसकी मां को पता नहीं है कि बेबी अपने गुरु-सह-मालिक पीएम जैन (चंकी पांडे) के अधीन एक हत्यारे के रूप में काम करती है। पड़ोस में रहने वाला संघर्षरत गायक और संगीत शिक्षक अमनदीप सिंह सिद्धू (रचित सिंह) बेबी से प्यार करने लगता है। अपनी जुड़वां बहन को खोने के बचपन के सदमे से जूझ रही बेबी अपने खतरनाक पेशे के भावनात्मक बोझ से और भी दब जाती है। प्यार और साथ की चाह में बेबी आखिरकार सिद्धू के प्रस्ताव को स्वीकार कर लेती है और उसके साथ रिश्ते की शुरुआत करती है। इसी बीच, पीएम जैन निर्दयी बिल्डर जफर काटकर ( सिकंदर खेर ) के लिए काम करता है, जो उसे प्रतिद्वंद्वी रियल एस्टेट कारोबारी मिक्की मुरझानी (हिमांशु मलिक) की हत्या करने का आदेश देता है। जैन शुरू में यह काम अपने एक और भरोसेमंद साथी मनु (मरुधर शेखावत) को सौंपता है। जब मनु हत्या को अंजाम देने में नाकाम रहता है, तो बेबी कमान संभालती है और मिक्की को सफलतापूर्वक मार देती है। हालांकि, यह हत्या जोखिम भरी साबित होती है, क्योंकि इससे वह डीसीपी अंजुम खान (सीमा पाहवा) की नजरों में आ जाती है। फिल्म की आगे की कहानी जानने के लिए आपको पूरी फिल्म देखनी होगी।


