Aaj Ka Panchang 8 July 2026: जानें आज के पंचांग में क्या खास रहेगा, कब कौन सा योग बन रहा?

Aaj Ka Panchang 8 July 2026: जानें आषाढ़ा माह की आज की तिथि, नक्षत्र, शुभ मुहूर्त, राहुकाल, चौघड़िया, षष्ठी तिथि और दिनभर के शुभ-अशुभ समय के बारे मेंं जानें

Suman  Mishra (Astrologer)
Published on: 7 July 2026 7:09 AM IST (Updated on: 8 July 2026 7:20 AM IST)
Aaj Ka Panchang 8 July 2026: जानें  आज के पंचांग में क्या खास रहेगा, कब कौन सा योग बन रहा?
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Aaj Ka Panchang ( आज का पंचांग) 8 July 2026:

ज्योतिष शास्त्र में पंचांग का बहुत महत्व है।पंचांग ज्योतिष के पांच अंगों का मेल है। जिसमें तिथि,वार, करण,योग और नक्षत्र का जिक्र होता है। इसकी मदद से हम दिन के हर बेला के शुभ और अशुभ समय का पता लगाते हैं। उसके आधार पर अपने खास कर्मों को इंगित करते हैं।

आज बुधवार का दिन आषाढ़ कृष्ण अष्टमी – 12:23 PM तक तिथि है। आज के दिन बुधवार होने के कारण भगवान गणेश की पूजा और न गणेश चालीसा का पाठ विशेष फलदायी माना जाता है।

आज 7 जुलाई का पंचांग

हिन्दू मास एवं वर्ष

विक्रम संवत - 2083, सिद्धार्थि

शक सम्वत - 1948, पराभव

पूर्णिमांत - आषाढ़

अमांत - ज्येष्ठ

तिथि: कृष्ण पक्ष अष्टमी – 12:23 PM तक

वार: बुधवार

नक्षत्र: रेवती – 3:55 PM तक

योग: अतिगण – 12:38 PM तक

करण: कौलव – 12:17 PM तक

मास (अमांत): ज्येष्ठ

मास (पूर्णिमांत): आषाढ़

विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थ)

शक संवत: 1948 (प्रभाउ)

सूर्य राशि: मिथुन

चंद्र राशि: मीन

ऋतु: ग्रीष्म

अयन: उत्तरायण

दिशाशूल: उत्तर

चंद्र निवास: उत्तर

आज सूर्योदय-सूर्यास्त का समय

सूर्योदय - 5:51 AM

सूर्यास्त - 7:12 PM

आज चंद्रोदय-चंद्रास्त का समय

चन्द्रोदय - Jul 09 12:35 AM

चन्द्रास्त - Jul 08 1:00 PM

चन्द्रमा राशि- मीन

पर्व-बुधवार

शुभ समय

अमृत काल - 01:37 PM – 03:11 PM

ब्रह्म मुहूर्त - 04:15 AM – 05:03 AM

सर्वार्थसिद्धि योग - Jul 07 05:51 AM - Jul 07 04:24 PM

अशुभ समय

राहू - 12:31 PM – 2:12 PM

यम गण्ड - 7:31 AM – 9:11 AM

कुलिक - 10:51 AM – 12:31 PM

दुर्मुहूर्त - 12:05 PM – 12:58 PM

गण्डमूल नक्षत्र

Jul 07 04:24 PM – Jul 8 04:00 PM (Revati)

Jul 08 04:00 PM – Jul 9 02:56 PM (Ashwini)

दिन का चौघड़िया

लाभ 05:51 AM 07:31 AM

अमृत 07:31 AM 09:11 AM

काल (काल वेला) 09:11 AM 10:51 AM

शुभ 10:51 AM 12:31 PM

रोग (वार वेला) 12:31 PM 14:12 PM

उद्बेग 14:12 PM 15:52 PM

चर 15:52 PM 17:32 PM

लाभ 17:32 PM 19:12 PM

रात का चौघड़िया

उद्बेग 19:12 PM 20:32 PM

शुभ 20:32 PM 21:52 PM

अमृत 21:52 PM 23:12 PM

चर 23:12 PM 00:32 AM

रोग 00:32 AM 01:52 AM

काल 01:52 AM 03:11 AM

लाभ (काल रात्रि) 03:11 AM 04:31 AM

उद्बेग 04:31 AM 05:51 AM

8 जुलाई को बुधवार के दिन आषाढ़ कृष्ण पक्ष अष्टमी तिथि लग रही है। बुधवार के दिन कुछ लोगों के लिए भाग्यशाली रहने वाला है।। रेवती नक्षत्र, अतिगण योग और बुधवार का संयोग इस दिन को और भी विशेष बनाता है। श्रद्धा और भक्ति के साथ पूजा-पाठ, ध्यान और दान-पुण्य करने से जीवन में सुख, शांति और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होने की मान्यता है।

आज का उपाय-

सुबह स्नान कर स्वच्छ औरहल्के रंग के वस्त्र धारण करें।

भगवान गणेश का ध्यान कर पूजा करें।

गणेश जी को दूर्वा, मोदक और लाल पुष्प अर्पित करें।

“ॐ गं गणपतये नमः” मंत्र का जाप करें।

जरूरतमंदों को अन्न, जल और वस्त्र का दान करें।

दिनभर शांत मन से ध्यान और साधना करें।

शाम के समय दीपक जलाकर भगवान की आरती करें।।

पंचांग क्या है?

पंचांग ज्योतिष के पांच अंगों का मेल है। जिसमें तिथि,वार, करण,योग और नक्षत्र का जिक्र होता है। हर दिन की तिथि का निर्धारण सूर्य और चंद्मा में भेद के आधार पर होता है और पंचांग के आधार पर हर दिन के शुभ-अशुभ समय का निर्धारण करते हैं। इसके आधार पर अपने काम को आसान बनाते हैँ। आज का पंचांग में तिथि, पक्ष, माह, नक्षत्र भी देखना जरुरी होता है। क्योंकि हर एक शुभ कार्य के लिए अलग अलग नक्षत्र होता है। सूर्योदय से दूसरे दिन सूर्योंदय के कुछ पहर पहले तक ही एक तिथि मानी जाती। चंद्रमा का स्थान जिस दिन चंद्रमा जिस स्थान पर होता है। उस दिन वही नक्षत्र और राशि मानी जाती है। चंद्रमा एक राशि में ढ़ाई दिन तक रहते हैं।

तिथि वारं च नक्षत्रं योगं करणमेव च।

पंचांगस्य फलं श्रुत्वा गंगा स्नानं फलं लभेत् ।।

आदिकाल में ही इस श्लोक के माध्यम से पंचांग को परिभाषित किया है।

  • तिथि- पंचांग का पहला अंग तिथि है। जो 16 है। इनमें पूर्णिमा और अमावस्या दो प्रमुख तिथियां है। जो दो पक्षों का निर्धारण करते हैं। कृष्ण पक्ष और शुक्ल पक्ष। पूर्णिमा और अमावस्या दोनों तिथि माह में एक बार आती है।
  • नक्षत्र- नक्षत्र 27 होते हैं। लेकिन एक मुहूर्त अभिजीत नक्षत्र है जो शादी विवाह के समय देखा जाता है। इसे मिला कर 28 नक्षत्र भी कहे जाते है।
  • योग- 27 होते है। मनुष्य के जीवन में योग का बहुत महत्व है।
  • करण- 11 होते हैं। 4 स्थिर व 7 परिवर्तनशील है।
  • वार- सप्ताह में 7 दिन होते हैं। जो रविवार से शुरू, सोमवार, बुधवार, बृहस्पतिवार, शुक्रवार, और शनिवार पर खत्म होते हैं।



Suman  Mishra (Astrologer)
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Suman Mishra (Astrologer)

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मैं वर्तमान में न्यूजट्रैक और अपना भारत के लिए कंटेट राइटिंग कर रही हूं। इससे पहले मैने रांची, झारखंड में प्रिंट और इलेक्ट्रानिक मीडिया में रिपोर्टिंग और फीचर राइटिंग किया है और ईटीवी में 5 वर्षों का डेस्क पर काम करने का अनुभव है। मैं पत्रकारिता और ज्योतिष विज्ञान में खास रुचि रखती हूं। मेरे नाना जी पंडित ललन त्रिपाठी एक प्रकांड विद्वान थे उनके सानिध्य में मुझे कर्मकांड और ज्योतिष हस्त रेखा का ज्ञान मिला और मैने इस क्षेत्र में विशेषज्ञता के लिए पढाई कर डिग्री भी ली है

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