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NHAI: हाईवे पर फंस गए तो घबराएं नहीं, जानिए NHAI की 1033 हेल्पलाइन कैसे करती है मदद
NHAI Emergency Helpline Number: हाईवे पर गाड़ी बंद हो जाए तो घबराएं नहीं, जानिए NHAI 1033 हेल्पलाइन से कैसे मिलेगी तुरंत मदद
NHAI Emergency Helpline Number
NHAI Emergency Helpline Number: देश में अब सफर को सुविधाजनक और सुगम बनाने के लिए तेजी से हाईवे का निर्माण जोर पकड़ता जा रहा है। वहीं राष्ट्रीय राजमार्ग पर लंबी यात्रा के दौरान कई बार ऐसा होता है कि वाहन का पेट्रोल या डीजल अचानक खत्म हो जाता है। सोशल मीडिया और लोगों के बीच लंबे समय से यह धारणा बनी हुई है कि ऐसे हालात में टोल प्लाजा पर मुफ्त ईंधन मिल जाता है। लेकिन अब भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने इस भ्रम को पूरी तरह दूर कर दिया है। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि टोल प्लाजा पर किसी भी वाहन चालक को मुफ्त पेट्रोल या डीजल नहीं दिया जाता। हालांकि, इमरजेंसी की स्थिति में यात्रियों को हर संभव सहायता जरूर उपलब्ध कराई जाती है ताकि वे सुरक्षित तरीके से अपनी यात्रा आगे जारी रख सकें।
टोल प्लाजा पर मुफ्त पेट्रोल-डीजल नहीं मिलता
NHAI ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग के किसी भी टोल प्लाजा पर मुफ्त पेट्रोल या डीजल देने का कोई नियम नहीं है। इसलिए यदि कोई व्यक्ति इस तरह की जानकारी पर भरोसा कर रहा है, तो उसे सावधान रहने की जरूरत है। उल्टा ईंधन का पूरा खर्च वाहन मालिक को ही देना पड़ता है।
ईंधन खत्म होने पर क्या मदद मिलती है?
अगर सफर के दौरान आपकी गाड़ी का पेट्रोल या डीजल खत्म हो जाता है और वाहन हाईवे पर रुक जाता है, तो NHAI की इमरजेंसी टीम आपकी सहायता करती है। जरूरत पड़ने पर नजदीकी पेट्रोल पंप से ईंधन मंगवाया जा सकता है। यदि वाहन चलने की स्थिति में नहीं है तो उसे टोइंग वाहन के जरिए सुरक्षित स्थान या नजदीकी सर्विस स्टेशन तक पहुंचाने की व्यवस्था भी की जाती है। इन सेवाओं में इस्तेमाल होने वाले ईंधन या अन्य खर्च का भुगतान वाहन मालिक को करना होता है।
1033 हेल्पलाइन हर समय रहती है सक्रिय
राष्ट्रीय राजमार्ग पर किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर यात्री 24 घंटे और सप्ताह के सातों दिन उपलब्ध राष्ट्रीय राजमार्ग हेल्पलाइन 1033 पर कॉल कर सकते हैं। इस हेल्पलाइन के माध्यम से सड़क दुर्घटना, वाहन खराब होने, मेडिकल इमरजेंसी, ईंधन की जरूरत, एंबुलेंस, क्रेन और अन्य आवश्यक सेवाओं के लिए तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जाती है। कई मामलों में पेट्रोल डिलीवरी सेवा के जरिए 5 से 10 लीटर तक ईंधन भी वाहन की लोकेशन पर पहुंचाया जा सकता है, लेकिन उसका भुगतान करना पड़ता है।
किन परिस्थितियों में टोइंग सुविधा मिल सकती है?
यदि वाहन तकनीकी खराबी, इंजन फेल होने या किसी दुर्घटना के कारण आगे नहीं बढ़ पा रहा है, तो NHAI की हाईवे पेट्रोलिंग टीम स्थिति का आकलन करती है। आवश्यकता होने पर क्रेन या रिकवरी वाहन की मदद से गाड़ी को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया जाता है। इससे हाईवे पर जाम और दुर्घटना का खतरा भी कम होता है।
लंबी यात्रा से पहले इन बातों का रखें ध्यान
राष्ट्रीय राजमार्ग पर निकलने से पहले वाहन में पर्याप्त पेट्रोल या डीजल जरूर भरवा लें। वाहन के फ्यूल गेज की नियमित जांच करें और कोशिश करें कि टैंक पूरी तरह खाली होने का इंतजार न करें। मोबाइल फोन चार्ज रखें, जरूरी दस्तावेज साथ रखें और रास्ते में आने वाले पेट्रोल पंपों की जानकारी पहले से देख लें। रात के समय यात्रा कर रहे हैं तो अतिरिक्त सतर्कता बरतना भी जरूरी है।
हाईवे पर मिलती हैं कई जरूरी सुविधाएं
NHAI ने राष्ट्रीय राजमार्गों पर यात्रियों की सुविधा के लिए कई व्यवस्थाएं विकसित की हैं। अलग-अलग हाईवे पर एंबुलेंस, क्रेन, हाईवे पेट्रोलिंग वाहन, ट्रैफिक सहायता, इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम और कुछ स्थानों पर वे-साइड अमेनिटी सेंटर जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। इनका उद्देश्य यात्रियों को सुरक्षित और तेज सहायता उपलब्ध कराना है।
अफवाहों पर भरोसा करने से बचें
सोशल मीडिया पर अक्सर यह दावा किया जाता है कि टोल प्लाजा पर मुफ्त पेट्रोल-डीजल दिया जाता है। जबकि NHAI ने इसे पूरी तरह गलत बताया है। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि ऐसी किसी भी जानकारी पर भरोसा करने से पहले आधिकारिक स्रोत से उसकी पुष्टि जरूर करें। इससे गलतफहमी से बचा जा सकता है और जरूरत पड़ने पर सही समय पर सही सहायता मिल सकती है।


