Aligarh News: धान कटाई व गेहूं बुवाई के लिए मनरेगा पर 20 दिन का ब्रेक, किसानों को राहत

Aligarh News: 1 से 20 नवंबर तक बंद रहेंगे मनरेगा कार्य, श्रमिकों की किल्लत दूर करने के लिए शासन ने बदली निलंबन अवधि।

Lakshman Singh Raghav
Published on: 8 Oct 2026 9:23 PM IST
Aligarh News: धान कटाई व गेहूं बुवाई के लिए मनरेगा पर 20 दिन का ब्रेक, किसानों को राहत
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Aligarh News: धान की कटाई और गेहूं की बुवाई के चरम सीजन को देखते हुए योगी सरकार ने किसानों को बड़ी राहत दी है। विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) योजना, पूर्व में मनरेगा, के कार्यों पर 1 से 20 नवंबर तक कुल 20 दिनों के लिए विराम रहेगा। इस दौरान ग्रामीण क्षेत्रों में श्रमिक कृषि कार्यों के लिए उपलब्ध रहेंगे, जिससे किसानों को मजदूरों की किल्लत नहीं झेलनी पड़ेगी।

मंडलायुक्त अलीगढ़ मंडल ओ.पी. आर्य ने बताया कि उत्तर प्रदेश शासन के ग्राम्य विकास अनुभाग-6 द्वारा 8 अक्टूबर 2026 को जारी अधिसूचना के अनुसार वित्तीय वर्ष 2026-27 में कृषि क्रियाकलापों की बुवाई एवं कटाई के चरम मौसम के दौरान कार्यों के निलंबन की अवधि में संशोधन किया गया है।

उन्होंने बताया कि शासन की ओर से 22 जुलाई 2026 को जारी पूर्व अधिसूचना में द्वितीय चरण से संबंधित प्रविष्टियों को संशोधित किया गया है। पहले 60 दिवसीय कार्य-निलंबन अवधि की अलग-अलग तिथियां निर्धारित थीं, लेकिन कृषि कार्यों के महत्व को देखते हुए अब द्वितीय चरण में धान की कटाई एवं गेहूं की बुवाई के लिए 1 नवंबर से 20 नवंबर तक की अवधि निर्धारित की गई है।

क्यों लिया गया फैसला?

दरअसल, नवंबर का महीना खेती के लिए सबसे व्यस्त महीना होता है। इस समय धान की कटाई पूरी होती है। और गेहूं की बुवाई शुरू होती है। ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा कार्य चलते रहने से मजदूर खेतों में नहीं मिल पाते और किसान परेशान होते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए शासन ने यह संशोधन किया है। ताकि ग्रामीण श्रमिकों की उपलब्धता कृषि कार्यों के लिए सुनिश्चित हो सके और किसानों के कार्य सुचारू रूप से संपन्न हो सकें।

मंडलायुक्त ने अलीगढ़ मंडल के चारों जिलों अलीगढ़, हाथरस, एटा और कासगंज के संबंधित अधिकारियों को शासनादेश के प्रावधानों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व अधिसूचना के अन्य सभी उपबंध एवं शर्तें यथावत रहेंगी, केवल द्वितीय चरण की अवधि में बदलाव किया गया है।

इस फैसले से किसानों में खुशी है, वहीं ग्रामीण मजदूर भी इस दौरान अपने खेतों और भाड़े पर कृषि कार्य कर सकेंगे।

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अलीगढ़ रिपोर्टरlakshmansingh@newstracksite.vocalwire.com

अलीगढ़ से जिला रिपोर्टर लक्ष्मन सिंह राघव

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