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Baghpat News: गौवंश पर कथित क्रूरता का वीडियो वायरल, बागपत पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार
Baghpat News: बागपत में गौवंश पर कथित क्रूरता का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई शुरू की।
Baghpat News: उत्तर प्रदेश के बागपत से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है जिसने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है। एक तरफ एक शख्स बेजुबान गौमाता पर बेरहमी से लाठियां बरसा रहा है, तो दूसरी तरफ वही शख्स योगी की पुलिस के सामने हाथ जोड़कर रहम की गुहार लगाता दिखाई दे रहा है। मानो कह रहा हो- "मर गया... गलती हो गई... इस बार छोड़ दो, आगे से ऐसा नहीं करूंगा।"
बागपत के रमाला थाना क्षेत्र के सूप गांव में गौमाता के साथ कथित क्रूरता का सीसीटीवी वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर वायरल हुआ। वीडियो में एक व्यक्ति गौमाता पर लगातार लाठी से वार करता दिखाई देता है। यह दृश्य सामने आते ही लोगों में भारी आक्रोश फैल गया और मामला पुलिस तक पहुंचा।
इसके बाद योगी की पुलिस एक्शन मोड में आई। बागपत पुलिस ने तत्काल मामले का संज्ञान लेते हुए आरोपी यूनुस पुत्र ताहिर निवासी सूप गांव को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस द्वारा जारी तस्वीर में वही आरोपी अब पुलिसकर्मियों के बीच खड़ा नजर आ रहा है। एक तस्वीर में गौमाता पर क्रूरता और दूसरी तस्वीर में पुलिस की गिरफ्त में खड़ा आरोपी... ये दोनों तस्वीरें अपने आप में एक बड़ा संदेश दे रही हैं।
दरअसल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगातार गौसंरक्षण को अपनी सरकार की प्राथमिकता बताते रहे हैं। हाल ही में भी उन्होंने कहा था कि गौवंश भारतीय संस्कृति, आस्था और ग्रामीण जीवन का आधार है और उनके प्रति क्रूरता किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यही वजह है कि गौमाता पर हाथ उठाने वालों के खिलाफ सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति साफ दिखाई देती है। बागपत की यह कार्रवाई भी उसी सख्त संदेश की मिसाल मानी जा रही है। पहले गौमाता पर लाठी चली, लेकिन कुछ ही समय बाद कानून का शिकंजा कस गया। अब वही आरोपी पुलिस के सामने बेबस नजर आ रहा है।
संदेश साफ है— अगर गौमाता पर लाठी बरसाओगे, तो योगी की पुलिस कानून के दायरे में रहकर ऐसी कार्रवाई करेगी कि घमंड टूट जाएगा और कानून का डर भी महसूस होगा। फिलहाल आरोपी यूनुस पुलिस हिरासत में है और मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। बागपत से आई ये तस्वीरें सिर्फ एक गिरफ्तारी की कहानी नहीं, बल्कि कानून के उस सख्त संदेश की कहानी हैं कि गौवंश के प्रति क्रूरता के आरोपों को गंभीरता से लिया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।


