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Hapur News: गंगा दशहरा 2026: ब्रजघाट में आस्था का सैलाब, सुरक्षा के लिए पुलिस-प्रशासन हाई अलर्ट
Hapur News: गंगा दशहरा 2026 को लेकर ब्रजघाट में लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने की संभावना है। पुलिस और प्रशासन ने सुरक्षा, यातायात और भीड़ नियंत्रण के लिए व्यापक इंतजाम करते हुए हाई अलर्ट जारी किया है।
Hapur News(Photo-Social Media)
Hapur News: ज्येष्ठ गंगा दशहरा पर्व को लेकर तीर्थनगरी ब्रजघाट पूरी तरह तैयार हो चुकी है। गंगा में पुण्य स्नान के लिए इस बार भी लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने अभूतपूर्व सुरक्षा व्यवस्था लागू कर दी है। मेरठ मंडल सहित पश्चिमी उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान और उत्तराखंड से बड़ी संख्या में श्रद्धालु ब्रजघाट पहुंचेंगे। ऐसे में सुरक्षा, यातायात, भीड़ नियंत्रण और आपातकालीन सेवाओं के लिए विशेष रणनीति तैयार की गई है।
ब्रजघाट को इस पर्व पर आस्था का सबसे बड़ा केंद्र माना जाता है, जहां हर वर्ष लाखों श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए पहुंचते हैं। इस दौरान पूरा क्षेत्र मेले के रूप में बदल जाता है। पुलिस उपमहानिरीक्षक मेरठ परिक्षेत्र कलानिधि नैथानी ने बताया कि पर्व को शांतिपूर्ण और सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है और सभी अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। सुरक्षा व्यवस्था के तहत भारी पुलिस बल की तैनाती की जाएगी, जिसमें पुलिस उपाधीक्षक, निरीक्षक, उपनिरीक्षक, महिला पुलिसकर्मी, यातायात पुलिस और अन्य सुरक्षा बल शामिल रहेंगे। इसके अलावा पीएसी, फ्लड पीएसी, फायर टेंडर, एंबुलेंस, क्रेन और बम निरोधक दस्ता भी तैनात किया जाएगा।
गंगा घाटों पर जल पुलिस और प्रशिक्षित गोताखोर लगातार निगरानी करेंगे। गहरे पानी वाले क्षेत्रों को बैरिकेडिंग कर चिन्हित किया जाएगा और चेतावनी संकेत लगाए जाएंगे। नाव संचालकों को लाइफ जैकेट अनिवार्य रूप से रखने और किराया सूची प्रदर्शित करने के निर्देश दिए गए हैं। महिलाओं की सुरक्षा के लिए विशेष योजना बनाई गई है। महिला पुलिसकर्मी सादी वर्दी में भीड़ के बीच तैनात रहेंगी ताकि छेड़छाड़, झपटमारी और अन्य अपराधों पर रोक लगाई जा सके। साथ ही हेल्प डेस्क और सहायता केंद्र भी स्थापित किए जाएंगे।
यातायात व्यवस्था के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया जाएगा। भारी वाहनों के लिए डायवर्जन और श्रद्धालुओं के वाहनों के लिए निर्धारित पार्किंग की व्यवस्था की जाएगी ताकि जाम की स्थिति न बने। प्रशासन ने सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी निगरानी रखने का निर्णय लिया है। साइबर सेल लगातार ऑनलाइन गतिविधियों पर नजर रखेगी और भ्रामक सूचना फैलाने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय गंगा समितियों और स्वयंसेवकों का भी सहयोग लिया जाएगा, जो श्रद्धालुओं को मार्गदर्शन और भीड़ प्रबंधन में सहायता करेंगे। मेला क्षेत्र में लाउडस्पीकर और पब्लिक एड्रेस सिस्टम के माध्यम से लगातार सुरक्षा संदेश प्रसारित किए जाएंगे। प्रशासन ने किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए विस्तृत कंटीजेंसी प्लान तैयार किया है और सभी विभागों को अलर्ट मोड पर रखा गया है।


