TRENDING TAGS :
Hapur News: हापुड़ में अवैध स्विमिंग पूल बना ‘मौत का जाल’, हादसे के बाद संचालक गिरफ्तार
Hapur News: हापुड़ में अवैध स्विमिंग पूल में हादसे के बाद एक युवक की रीढ़ की हड्डी टूटने का मामला सामने आया। सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर संचालक को गिरफ्तार किया गया।
Hapur News (Photo-Social Media)
Hapur News: उत्तर प्रदेश के हापुड़ जनपद में अवैध रूप से संचालित स्विमिंग पूलों का खतरनाक खेल अब लोगों की जान पर भारी पड़ने लगा है। सिंभावली क्षेत्र के अनूपपुर डिबाई गांव में बिना मानकों और सुरक्षा व्यवस्थाओं के चल रहे एक स्विमिंग पूल में हुए बड़े हादसे के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए संचालक को गिरफ्तार कर लिया है। इस घटना ने प्रशासनिक लापरवाही और क्षेत्र में फल-फूल रहे अवैध स्विमिंग पूल कारोबार की पोल खोल दी है। बताया जा रहा है कि संचालकों को न तो कानून का डर था और न ही लोगों की जान की कोई परवाह। उनका उद्देश्य केवल अधिक से अधिक पैसा कमाना था। हादसे के बाद अब प्रशासन हरकत में आ गया है।
वाहिद की तहरीर पर दर्ज हुआ मुकदमा
गढ़मुक्तेश्वर क्षेत्राधिकारी (सीओ) स्तुति सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि मेरठ जिले के थाना किठौर क्षेत्र स्थित मोहल्ला हरिजन बस्ती निवासी वाहिद ने सिंभावली थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। तहरीर में कहा गया कि 24 मई की शाम उसका भाई दानिश अपने एक साथी के साथ सिंभावली क्षेत्र के अनूपपुर डिबाई गांव में संचालित स्विमिंग पूल में नहाने गया था। आरोप है कि यह स्विमिंग पूल बिना किसी वैध अनुमति और सुरक्षा मानकों के अवैध रूप से संचालित किया जा रहा था।
न लाइफगार्ड, न चेतावनी बोर्ड… हादसे का कारण
पीड़ित पक्ष का आरोप है कि स्विमिंग पूल में प्रशिक्षित लाइफगार्ड मौजूद नहीं था। न ही वहां कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया था और न ही सुरक्षा के आवश्यक इंतजाम किए गए थे। तैराकी के दौरान हुए हादसे में दानिश गंभीर रूप से घायल हो गया। उसकी रीढ़ की हड्डी में गंभीर चोट आई, जबकि उसके साथी के सिर में भी चोटें लगी हैं। दोनों की हालत चिंताजनक बताई जा रही है।
सीओ स्तुति सिंह का बयान
गढ़ सीओ स्तुति सिंह ने बताया कि मामले में कार्रवाई करते हुए स्विमिंग पूल संचालक जुबेर अहमद पुत्र इस्तेकार निवासी अनूपपुर डिबाई, थाना सिंभावली को गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्टया स्विमिंग पूल में सुरक्षा मानकों की गंभीर अनदेखी सामने आई है। मामले से संबंधित अन्य विभागों को भी पत्राचार किया गया है ताकि जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जा सके। सीओ ने स्पष्ट कहा कि लोगों की जान से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
जनपद में धड़ल्ले से चल रहे अवैध स्विमिंग पूल
स्थानीय लोगों का कहना है कि जनपद में दर्जनों स्विमिंग पूल बिना अनुमति और बिना सुरक्षा मानकों के संचालित हो रहे हैं। गर्मी के मौसम में बड़ी संख्या में युवा और बच्चे इन पूलों में पहुंचते हैं, लेकिन वहां न तो मेडिकल सुविधा होती है और न ही प्रशिक्षित स्टाफ। हादसे के बाद बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि आखिर इन अवैध स्विमिंग पूलों पर अब तक कार्रवाई क्यों नहीं हुई। क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा था?


