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दूसरी महिला से संबंध..., XUV300 लाओ वरना...., हैवान पति का टूटा कहर, पत्नी को पीटकर घर से निकाला
Ghazipur Dowry Case: कार की मांग पूरी न होने पर ससुराल पक्ष ने एक नवविवाहिता को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया, मारपीट की और अंततः उसे घर से निकाल दिया।
Ghazipur Dowry Case
Ghazipur Dowry Case: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले से दहेज उत्पीड़न का एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसने एक बार फिर समाज में व्याप्त इस कुप्रथा की भयावह तस्वीर को उजागर कर दिया है। कार की मांग पूरी न होने पर ससुराल पक्ष ने एक नवविवाहिता को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया, मारपीट की और अंततः उसे घर से निकाल दिया। महीनों तक हालात सुधरने की उम्मीद में चुप रहने के बाद पीड़िता ने अब कानून का सहारा लिया है। उसने गाजीपुर के करीमुद्दीनपुर थाने में अपने पति समेत छह लोगों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है, जिस पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
इकलौती बेटी की शादी में 40 लाख रुपये से अधिक किए खर्च
मामला करीमुद्दीनपुर थाना क्षेत्र के एक गांव का है। पीड़िता मूल रूप से वाराणसी की रहने वाली है और उसकी शादी हिंदू रीति-रिवाजों के साथ पूरे धूमधाम से हुई थी। विवाहिता के पिता सरकारी सेवा से सेवानिवृत्त हैं और उन्होंने अपनी इकलौती बेटी की शादी में 40 लाख रुपये से अधिक खर्च किए थे। इसके बावजूद, शादी के कुछ ही समय बाद ससुराल पक्ष ने महिंद्रा XUV300 कार की मांग शुरू कर दी।
पीड़िता का पति बीएचयू के आईआईटी संस्थान में एक बड़े पद पर कार्यरत बताया गया है। इसी बात को लेकर विवाहिता को बार-बार ताने दिए जाते थे कि उसके पिता ने शादी में उन्हें “ठग लिया।” शुरुआत में महिला ने इसे सामान्य घरेलू बात मानकर सहन किया, लेकिन धीरे-धीरे प्रताड़ना का दायरा बढ़ता गया। ससुराल वालों ने उस पर मानसिक दबाव बनाना शुरू किया और बाद में शारीरिक हिंसा भी करने लगे।
स्थिति तब और गंभीर हो गई जब पति ने उसे अपने ही कमरे में सोने, उठने-बैठने से मना कर दिया। इससे आहत होकर महिला जनवरी 2024 में अपने मायके लौट आई। एक महीने से अधिक समय बीतने के बावजूद जब ससुराल पक्ष की ओर से कोई संपर्क नहीं किया गया, तब उसने अपने पिता और भाई को पूरे हालात बताए। इसके बाद परिवार और रिश्तेदारों के साथ सुलह कराने की कोशिश की गई। अगस्त 2024 में पिता द्वारा कार की मांग भविष्य में पूरी करने का आश्वासन देने के बाद ससुराल वाले उसे वापस ले गए, लेकिन व्यवहार में कोई सुधार नहीं हुआ।
बाद में पंचायत के दौरान पति ने खुले तौर पर कहा कि वह पत्नी को पसंद नहीं करता और उसका किसी अन्य महिला से संबंध है। अंततः 9 दिसंबर 2024 को पति और ससुराल वालों ने मिलकर महिला के साथ मारपीट की और उसे घर से निकाल दिया। पहले महिला ने वाराणसी के लंका थाने में समझौते की उम्मीद से प्रार्थना पत्र दिया, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका। अब गाजीपुर में केस दर्ज होने के बाद पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। यह घटना दहेज प्रथा और महिलाओं पर होने वाले अत्याचारों पर एक बार फिर सवाल खड़े करती है।


