Jhansi News: कोर्ट से जेल तक पहुंची कानून की पढ़ाई, LLB-LLM छात्रों को मिला न्याय व्यवस्था का अनुभव

Jhansi News: झांसी में समर इंटर्नशिप के दौरान एलएलबी और एलएलएम छात्रों को कोर्ट से जेल तक न्यायिक व्यवस्था का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। छात्रों ने कानूनी प्रक्रियाओं और विधिक सेवाओं को करीब से समझा।

Gaurav kushwaha
Published on: 17 Jun 2026 7:03 PM IST
Jhansi News: कोर्ट से जेल तक पहुंची कानून की पढ़ाई, LLB-LLM छात्रों को मिला न्याय व्यवस्था का अनुभव
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Jhansi News: उत्तर प्रदेश के झांसी जनपद में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में संचालित समर एकेडमिक इंटर्नशिप प्रोग्राम के तहत एलएलबी एवं एलएलएम के छात्र-छात्राओं को न्यायिक, प्रशासनिक और सुधारात्मक विधिक व्यवस्थाओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य कानून के विद्यार्थियों को केवल सैद्धांतिक ज्ञान तक सीमित न रखते हुए न्याय व्यवस्था की वास्तविक कार्यप्रणाली से परिचित कराना है।

कार्यक्रम का आयोजन जनपद न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की अध्यक्ष श्रीमती कमलेश कच्छल के संरक्षण तथा सिविल जज (सीनियर डिवीजन) एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव श्रीमती ईशा त्रिपाठी के निर्देशन में किया गया। प्रशिक्षण के दौरान छात्र-छात्राओं को चार अलग-अलग बैचों में विभाजित कर विभिन्न न्यायिक और प्रशासनिक संस्थानों का भ्रमण कराया गया।प्रशिक्षण के तहत एक बैच ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) और अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (ACJM) न्यायालयों का भ्रमण किया। यहां विद्यार्थियों ने न्यायालय की कार्यप्रणाली, मुकदमों की सुनवाई, रिमांड प्रक्रिया, जमानत प्रार्थना पत्रों के निस्तारण और गवाहों के बयान दर्ज किए जाने की प्रक्रिया को करीब से समझा।

छात्रों ने न्यायालयी कार्यवाही का अवलोकन कर न्यायिक प्रक्रिया के व्यावहारिक पहलुओं की जानकारी प्राप्त की।वहीं दूसरे बैच को जिला कारागार झांसी का भ्रमण कराया गया। इस दौरान विद्यार्थियों को जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली, बंदियों के अधिकार, सुधारात्मक व्यवस्थाओं, विधिक सहायता सेवाओं तथा पुनर्वास से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि कारागार केवल दंड का स्थान नहीं, बल्कि सुधार और पुनर्वास का केंद्र भी है।प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान छात्रों को न्यायिक संस्थाओं और विधिक प्रक्रियाओं के विभिन्न पहलुओं से अवगत कराया गया, जिससे उन्हें कानून की पढ़ाई को व्यवहारिक दृष्टिकोण से समझने का अवसर मिला।

विद्यार्थियों ने भी इस पहल को अपने भविष्य के लिए बेहद उपयोगी बताते हुए न्याय व्यवस्था की वास्तविक प्रक्रिया को करीब से जानने का महत्वपूर्ण अनुभव बताया।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का मानना है कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम कानून के विद्यार्थियों को बेहतर विधिक समझ विकसित करने के साथ-साथ न्याय व्यवस्था के प्रति जिम्मेदारी और संवेदनशीलता का भाव भी प्रदान करते हैं।

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