Kanpur Dehat News: ऑनलाइन रजिस्ट्री के विरोध में सिकन्दरा के अधिवक्ताओं की अनिश्चितकालीन हड़ताल

Kanpur Dehat News:ऑनलाइन रजिस्ट्री और निजीकरण के विरोध में सिकन्दरा के अधिवक्ताओं ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर सरकार को चेतावनी दी।

Manoj Singh
Published on: 20 Jun 2026 1:46 PM IST
Kanpur Dehat News: ऑनलाइन रजिस्ट्री के विरोध में सिकन्दरा के अधिवक्ताओं की अनिश्चितकालीन हड़ताल
X

Kanpur Dehat News

Kanpur Dehat News: उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा ऑनलाइन रजिस्ट्री (ई-पंजीकरण) व्यवस्था लागू करने और इसके कथित निजीकरण के विरोध में तहसील सिकन्दरा के अधिवक्ताओं ने मोर्चा खोल दिया है। शनिवार को बार एसोसिएशन सिकन्दरा के बैनर तले अधिवक्ताओं ने 'बस्ता बंद और कलम बंद' हड़ताल शुरू कर दी। आक्रोशित अधिवक्ताओं ने जिलाधिकारी कपिल सिंह को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर इस व्यवस्था को 'काला कानून' बताते हुए इसे तुरंत निरस्त करने की मांग की।

​प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे पूर्व बार अध्यक्ष रामकुमार तिवारी ने सरकार को सीधे तौर पर राजनीतिक परिणाम भुगतने की चेतावनी दी। उन्होंने कहा, "अगर सरकार ने हमारी मांगें नहीं मानीं, तो उत्तर प्रदेश का पूरा अधिवक्ता समाज एकजुट होकर 2027 के विधानसभा चुनाव में इस सरकार को सत्ता से हटाने का काम करेगा। भाजपा को सत्ता में लाने में अधिवक्ताओं का बड़ा योगदान था, लेकिन यह फैसला हमारे पेट पर लात मारने जैसा है।" उन्होंने आरोप लगाया कि ऑनलाइन रजिस्ट्री का दुरुपयोग होगा, जिससे फर्जी बैनामे और जमीनी अपराध तेजी से बढ़ेंगे।

​वहीं, वर्तमान बार अध्यक्ष कुलदीप यादव और उपाध्यक्ष गंभीर सिंह ने कहा कि अभी तक जमीन की रजिस्ट्री अधिवक्ता की देखरेख और कानूनी जांच के बाद होती है, जिससे धोखाधड़ी की गुंजाइश कम रहती है। इस नई व्यवस्था के बाद बंदूक, कट्टा और कुल्हाड़ी के दम पर अनर्गल तरीके से डरा-धमकाकर जमीनों की रजिस्ट्री करा ली जाएगी। इससे आम जनता और अधिवक्ता दोनों का भारी नुकसान होगा।

​इस दौरान महामंत्री उवैश अहमद, अधिवक्ता आशीष त्रिपाठी, आकाश राजपूत, मनीष खरे, प्रभात कटियार सहित भारी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे। अधिवक्ताओं ने साफ किया कि जब तक सरकार इस जनविरोधी फैसले को वापस नहीं लेती, उनका आंदोलन और उग्र होता जाएगा।

Manoj Singh
ABOUT THE AUTHOR

Manoj Singh

Next Story