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राज्यसभा चुनाव के बीच BJP-RSS का बड़ा मंथन! आज लखनऊ पहुंचेंगे BL संतोष, सुल्तानपुर में जुटेंगे दिग्गज; 2027 पर बनेगा प्लान?
BJP RSS Meeting UP: बीजेपी के राष्ट्रीय महामंत्री संगठन बीएल संतोष आज लखनऊ पहुंचेंगे। लखनऊ में कुछ महत्वपूर्ण बैठकों में शामिल होने के बाद उनके सुल्तानपुर रवाना होने की जानकारी है।
BJP RSS Meeting Uttar Pradesh
BJP RSS Meeting Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश में राज्यसभा चुनाव की सरगर्मी के बीच भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के बीच समन्वय को लेकर गतिविधियां तेज होती दिखाई दे रही हैं। इसी क्रम में बीजेपी के राष्ट्रीय महामंत्री संगठन बीएल संतोष आज लखनऊ पहुंचेंगे। लखनऊ में कुछ महत्वपूर्ण बैठकों में शामिल होने के बाद उनके सुल्तानपुर रवाना होने की जानकारी है।
सूत्रों के मुताबिक, सुल्तानपुर में काशी और गोरखपुर क्षेत्र के संघ तथा बीजेपी पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण समन्वय बैठक प्रस्तावित है। इस बैठक में संघ के सह सरकार्यवाह अरुण कुमार भी शामिल होंगे। बैठक को उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले संघ और बीजेपी के बीच जमीनी स्तर पर बेहतर तालमेल की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
राज्यसभा चुनाव के बीच संगठन पर फोकस
उत्तर प्रदेश में इस समय 10 राज्यसभा सीटों के चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं। 16 अक्टूबर को मतदान होना है और बीजेपी तथा समाजवादी पार्टी दोनों ही अपने-अपने समीकरण मजबूत करने में जुटी हैं। ऐसे समय में बीजेपी के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री का यूपी दौरा खास महत्व रखता है।
हालांकि सुल्तानपुर की प्रस्तावित बैठक का एजेंडा केवल राज्यसभा चुनाव तक सीमित माना जाना जल्दबाजी होगी। बीजेपी और संघ की हालिया गतिविधियों को देखते हुए बैठक में आगामी विधानसभा चुनाव, संगठन की जमीनी स्थिति, बूथ स्तर की सक्रियता और संघ-बीजेपी समन्वय जैसे मुद्दों पर भी चर्चा होने की संभावना है।
सितंबर में भी संघ और बीजेपी के बीच उत्तर प्रदेश में कई स्तरों पर समन्वय बैठकें हुई थीं। इन बैठकों में बीएल संतोष और अरुण कुमार की मौजूदगी में जमीनी फीडबैक लिया गया था और 2027 विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए संगठन को मजबूत करने पर जोर दिया गया था।
काशी और गोरखपुर क्षेत्र पर क्यों नजर?
सुल्तानपुर में होने वाली प्रस्तावित बैठक में काशी और गोरखपुर क्षेत्र को एक साथ फोकस में रखा जाना राजनीतिक रूप से भी महत्वपूर्ण है। दोनों क्षेत्र पूर्वांचल की राजनीति में बीजेपी के लिए बेहद अहम माने जाते हैं।
काशी क्षेत्र में वाराणसी समेत पूर्वांचल के कई महत्वपूर्ण जिले आते हैं, जबकि गोरखपुर क्षेत्र मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की राजनीतिक पृष्ठभूमि के कारण बीजेपी के लिए विशेष महत्व रखता है।
ऐसे में दोनों क्षेत्रों के संघ और बीजेपी पदाधिकारियों को एक मंच पर लाकर जमीनी स्थिति का फीडबैक लेना और आगामी चुनाव के लिए रणनीति पर चर्चा करना पार्टी की व्यापक चुनावी तैयारी का हिस्सा माना जा रहा है।
संघ के विभाग प्रचारकों से लिया जाएगा जमीनी फीडबैक
जानकारी के मुताबिक बैठक में संघ के विभाग प्रचारक और उनके ऊपर के पदाधिकारी शामिल होंगे। इसके अलावा काशी और गोरखपुर क्षेत्र के बीजेपी के प्रमुख पदाधिकारी भी बैठक में मौजूद रहेंगे।
संघ के स्तर से आने वाला फीडबैक बीजेपी के लिए इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि संघ का नेटवर्क सीधे बूथ और सामाजिक स्तर तक फैला हुआ है। ऐसे में बैठक के दौरान केवल संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा ही नहीं, बल्कि जनता के बीच सरकार और बीजेपी को लेकर माहौल, कार्यकर्ताओं की सक्रियता, सामाजिक समीकरण और स्थानीय स्तर की चुनौतियों पर भी चर्चा हो सकती है।
2027 से पहले BJP-RSS की बड़ी कवायद
उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर बीजेपी ने अभी से संगठन को चुनावी मोड में लाना शुरू कर दिया है। पिछले दिनों बीएल संतोष के यूपी दौरे के दौरान बीजेपी की कोर कमेटी की बैठक में भी सरकार और संगठन के कामकाज का फीडबैक लिया गया था। बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करने और सरकार की योजनाओं को जनता तक पहुंचाने पर जोर दिया गया था।
इसके अलावा संघ और बीजेपी की हालिया समन्वय बैठकों में विपक्ष के नैरेटिव से बचने, संगठन और सरकार के बीच तालमेल मजबूत करने तथा जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने पर चर्चा होने की रिपोर्ट सामने आई थी।
ऐसे में सुल्तानपुर की बैठक को उसी व्यापक रणनीति की अगली कड़ी के तौर पर देखा जा रहा है।
राज्यसभा से विधानसभा तक बनेगा चुनावी रोडमैप?
फिलहाल बीजेपी के सामने तत्काल चुनौती राज्यसभा चुनाव है, लेकिन पार्टी की नजर इससे कहीं आगे 2027 विधानसभा चुनाव पर है।
राज्यसभा चुनाव में संख्या बल के लिहाज से बीजेपी के नेतृत्व वाला एनडीए मजबूत स्थिति में है, लेकिन कुछ सीटों पर मुकाबले और अतिरिक्त उम्मीदवारों की संभावना ने राजनीतिक गतिविधियां बढ़ा दी हैं। ऐसे में राष्ट्रीय संगठन महामंत्री का यूपी दौरा और संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी के साथ बैठक का समय भी महत्वपूर्ण हो जाता है।
बैठक में राज्यसभा चुनाव से जुड़े संगठनात्मक पहलुओं पर चर्चा होती है या नहीं, इसकी आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है। लेकिन 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए बूथ स्तर पर संगठन की तैयारियों और संघ-बीजेपी के बीच तालमेल को लेकर चर्चा होना लगभग तय रणनीतिक दिशा से मेल खाता है।
यानी 5 अक्टूबर (आज ) लखनऊ से सुल्तानपुर तक बीजेपी-RSS का फोकस साफ है—
संगठन मजबूत करना, जमीनी फीडबैक लेना और 2027 से पहले चुनावी मशीनरी को पूरी तरह सक्रिय करना।


