Lucknow News: लखनऊ में घर-घर गूंजे 'जय माता दी' के जयकारे: श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुआ कन्या पूजन

Lucknow News: लखनऊ में महाअष्टमी और महानवमी पर घर-घर कन्या पूजन हुआ। श्रद्धालुओं ने हलवा-पूरी का भोग लगाकर कन्याओं के चरण पूजे और उपहार भेंट कर आशीर्वाद लिया।

Ashutosh Tripathi
Published on: 19 Oct 2026 2:37 PM IST (Updated on: 19 Oct 2026 2:38 PM IST)
Lucknow Kanya Pujan
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Lucknow Kanya Pujan (Image Credit-Ashutosh Tripathi)

Lucknow News: लखनऊ में नवरात्र के पावन पर्व पर महाअष्टमी और महानवमी के मौके पर घर-घर में कन्या पूजन की अनूठी छटा देखने को मिली। सुबह तड़के से ही शहर की गलियों और बहुमंजिला सोसायटियों में नन्हीं कन्याओं के स्वागत के लिए श्रद्धा और उत्साह का माहौल रहा। श्रद्धालुओं ने नौ दुर्गा के स्वरूप में कन्याओं को आदरपूर्वक अपने घर बुलाकर उनका पूजन किया और आशीर्वाद लिया।

​भोर से ही शुरू हुईं तैयारियां, हलवा-पूरी की महक से महके घर

​शहर के गोमती नगर, इंदिरानगर, अलीगंज, राजाजीपुरम, चौक, आशियाना और जानकीपुरम समेत तमाम इलाकों में सुबह से ही चहल-पहल रही। परिवारों ने व्रत के समापन के साथ मां भगवती को अर्पित करने के लिए पारंपरिक भोग—काले चने, सूजी का हलवा, पूरी और खीर तैयार की। इसके बाद मोहल्ले और आसपास की 2 से 10 वर्ष तक की कन्याओं को आदरपूर्वक आमंत्रित किया गया।



​चरण पखारकर लगाया रोली-तिलक, भेंट किए उपहार



​श्रद्धालुओं ने सबसे पहले थाल में जल लेकर देवी रूपी कन्याओं के चरण पखारे। इसके बाद उन्हें स्वच्छ आसन पर बिठाकर माथे पर रोली-चंदन और अक्षत का टीका लगाया तथा हाथों में कलावा बांधा। विधि-विधान से आरती उतारने के बाद कन्याओं को प्रेमपूर्वक प्रसाद परोसा गया। पूजन परंपरा के अनुसार नौ कन्याओं के साथ एक छोटे बालक को 'बटुक भैरव' के रूप में बिठाकर उनकी भी पूजा की गई। भोजन के उपरांत श्रद्धालुओं ने कन्याओं को लाल चुनरी, फल, स्टेशनरी किट, टिफिन बॉक्स, खिलौने और नकद दक्षिणा देकर उनके चरण स्पर्श किए।

​अपार्टमेंट्स से लेकर पुरानी बस्तियों तक दिखी रौनक



​गोमती नगर विस्तार और वृंदावन योजना की बहुमंजिला सोसायटियों में लोगों ने सामूहिक रूप से भी कन्या पूजन के प्रबंध किए, जहां क्लब हाउस और परिसरों में एक साथ कई परिवारों ने बालिकाओं का सत्कार किया। वहीं पुराने लखनऊ के चौक, यहियागंज और अमीनाबाद की पारंपरिक गलियों में कन्याओं को अपने घर बुलाने के लिए श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा गया। दिन चढ़ने के साथ रंग-बिरंगे कपड़ों में सजी, हाथों में उपहार और दक्षिणा लिए बालिकाओं की टोलियां शहर की हर सड़क और गली में उत्सव का उल्लास बिखेरती नजर आईं

Ashutosh Tripathi
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Ashutosh Tripathi

Chief Photojournalist Mail ID - tripathiashutosh88@gmail.comtripathiashutosh88@gmail.com

आशुतोष त्रिपाठी जन्म 17 अप्रैल 1988 एक भारतीय फोटोग्राफर और फोटो जर्नलिस्ट हैं। पत्रकारिता जीवन की शुरुआत बतौर रिपोर्टर वॉइस ऑफ़ मूवमेंट में हुई, इसके बाद 2013 में नव भारत टाइम्स में एक युवा फोटो जर्नलिस्ट के रूप में कार्यरत थे। आशुतोष त्रिपाठी ने 2007 में एमिटी विश्वविद्यालय से मास्टर इन जर्नलिस्म एंड मास कम्युनिकेशन का कोर्स किया। 2010 में वौइस् ऑफ मूवमेंट अखबार में बतौर रिपोर्टर तीन साल काम किया। इसके बाद 2013 में नव भारत टाइम्स में एक युवा फोटो जर्नलिस्ट के रूप में कार्यरत थे। 2014 में एक फोटोग्राफर बने और एक साल बाद दैनिक भास्कर उत्तर प्रदेश में सीनियर फोटोजर्नलिस्ट के रूप में कार्यरत रहे। 2016 से लगातार newstrack.com में चीफ फोटोजर्नलिस्ट के पद पर कार्यरत हैं। 2015 में एक इनके द्वारा की गयी एक बुजुर्ग टाइपिस्ट की स्टोरी ने पूरी दुनिया ख्याति प्राप्त की। 2016 में इन्हें पत्रकारिता जगत में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए नारद पुरुस्कार से सम्मानित किया गया था । 2017 में फोटोग्राफी क्लब ऑफ इंडिया द्वारा आयोजित इंटरनेशनल फोटोग्राफी कम्पटीशन में इन्होंने दूसरा स्थान हासिल किया । 2019 में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा आयोजित कुंभ फोटोग्राफी प्रतियोगिता में इन्होंने तृतीय पुरुस्कार मिला था ।।

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