Mathura News: दान और व्यवस्थाओं में पारदर्शिता की मांग, फलाहारी महाराज ने लिखा पत्र

Mathura News: मथुरा में फलाहारी महाराज ने दान राशि और धार्मिक व्यवस्थाओं में पारदर्शिता की मांग को लेकर संबंधित अधिकारियों को पत्र लिखा है। उन्होंने श्रद्धालुओं के हितों की रक्षा, जवाबदेही सुनिश्चित करने और व्यवस्थाओं को अधिक पारदर्शी बनाने की आवश्यकता पर बल दिया।

Amit Sharma
Published on: 18 Jun 2026 2:27 PM IST
Mathura News
X

Mathura News(Photo-Social Media)

Mathura News: श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर की व्यवस्थाओं और दान राशि के उपयोग में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग को लेकर संत समाज के प्रमुख संत फलाहारी महाराज ने मंदिर के प्रबंध न्यासी अनुराग डालमिया को पत्र भेजा है। पत्र में उन्होंने मंदिर में प्राप्त होने वाले दान, आभूषण, सोना-चांदी तथा अन्य भेंटों का पिछले 15 वर्षों का विस्तृत विवरण सार्वजनिक करने का अनुरोध किया है।

फलाहारी महाराज ने अपने पत्र में कहा है कि मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा अर्पित किए जाने वाले दान और सेवा-सामग्री का उपयोग पूरी तरह भगवान की सेवा, धर्मार्थ कार्यों और जनकल्याण के लिए होना चाहिए। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि मंदिर को प्राप्त होने वाली दान राशि का एक हिस्सा गरीब और जरूरतमंद लोगों के उपचार के लिए बड़े अस्पताल की स्थापना में लगाया जाए, जिससे समाज के कमजोर वर्गों को लाभ मिल सके।

पत्र में मंदिर प्रबंधन समिति से कपिल शर्मा को हटाने की भी मांग की गई है। साथ ही मंदिर में दान-पात्रों को खोलने की प्रक्रिया को अधिक सुरक्षित, पारदर्शी और जवाबदेह बनाने पर जोर दिया गया है। उनका कहना है कि श्रद्धालुओं का विश्वास बनाए रखने के लिए दान प्रबंधन की प्रत्येक प्रक्रिया स्पष्ट और निगरानी योग्य होनी चाहिए।

फलाहारी महाराज ने आरोप लगाया है कि मंदिर में दान का लेखा-जोखा रखने वाले कुछ लोगों की कार्यप्रणाली पर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि दान-पात्रों को खोलने की प्रक्रिया में पर्याप्त पारदर्शिता नहीं बरती जाती, जिससे श्रद्धालुओं के बीच शंकाएं पैदा होती हैं। उनका कहना है कि ऐसी परिस्थितियों से मंदिर प्रशासन और उससे जुड़े प्रतिष्ठित व्यक्तियों की छवि प्रभावित होती है। महाराज ने बताया कि इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग को लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री को भी पत्र भेजा है तथा मामले की जांच केंद्रीय एजेंसी से कराने का अनुरोध किया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि मंदिर प्रशासन श्रद्धालुओं की भावनाओं का सम्मान करते

Amit Sharma
ABOUT THE AUTHOR

Amit Sharma

Next Story