TRENDING TAGS :
Meerut News: रामलला के चढ़ावे पर सियासत गरम, मेरठ में आप का प्रदर्शन, ट्रस्ट और भाजपा से मांगा जवाब
Meerut News: रामलला के चढ़ावे को लेकर मेरठ में आम आदमी पार्टी ने प्रदर्शन किया। पार्टी कार्यकर्ताओं ने ट्रस्ट और भाजपा से पारदर्शिता तथा जवाबदेही की मांग उठाई।
Meerut News(Photo-Social Media)
Meerut News: अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे को लेकर सामने आए कथित अनियमितताओं के आरोपों पर राजनीतिक घमासान तेज हो गया है। इसी कड़ी में शुक्रवार को आम आदमी पार्टी (आप) ने मेरठ में जोरदार विरोध प्रदर्शन करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग उठाई। पार्टी कार्यकर्ताओं ने कमिश्नरी पार्क से जिलाधिकारी कार्यालय तक मार्च निकालकर राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारियों को सौंपा।
प्रदर्शन का नेतृत्व आप के मेरठ जिलाध्यक्ष अंकुश चौधरी ने किया। इस दौरान भाजपा सरकार और राम मंदिर ट्रस्ट के खिलाफ नारेबाजी भी की गई। चौधरी ने कहा कि भगवान श्रीराम करोड़ों लोगों की आस्था के केंद्र हैं और श्रद्धालु अपनी मेहनत की कमाई विश्वास के साथ रामलला के चरणों में अर्पित करते हैं। ऐसे में चढ़ावे में कथित गड़बड़ी के आरोप बेहद गंभीर हैं और इनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा राम के नाम पर राजनीति करती है, लेकिन जब रामभक्तों की आस्था और चढ़ावे की पारदर्शिता का सवाल उठता है तो जवाब देने से बचती है। चौधरी ने कहा कि यदि किसी प्रकार की अनियमितता नहीं हुई है तो राम मंदिर ट्रस्ट को देश के सामने स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। आप नेता ने कहा कि राज्यसभा सांसद संजय सिंह पहले भी राम मंदिर से जुड़े वित्तीय मामलों को उठाते रहे हैं। उनके अनुसार, श्रद्धालुओं के चढ़ावे का एक-एक रुपया पवित्र आस्था का प्रतीक है और उसकी सुरक्षा सुनिश्चित करना संबंधित संस्थाओं की जिम्मेदारी है। यदि जांच में किसी भी प्रकार की वित्तीय अनियमितता सामने आती है तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी या न्यायिक निगरानी में कराई जाए ताकि सच्चाई सामने आ सके और श्रद्धालुओं का विश्वास बना रहे। प्रदर्शन में पार्टी के विभिन्न प्रकोष्ठों और विधानसभा इकाइयों के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।
बता दें कि खबर में लगाए गए आरोप आम आदमी पार्टी के नेताओं के बयान पर आधारित हैं। इन आरोपों पर राम मंदिर ट्रस्ट या भाजपा की प्रतिक्रिया प्राप्त नहीं हो सकी है।


