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Muzaffarnagar News: 2027 चुनाव पर चंद्रशेखर आजाद का बयान, गठबंधन के सभी रास्ते खुले
Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर में चंद्रशेखर आजाद ने भाजपा को हराने के लिए विपक्षी एकता की अपील की, बैलेट पेपर से चुनाव कराने और गन्ने के दाम बढ़ाने की मांग भी उठाई।
2027 चुनाव पर चंद्रशेखर आजाद का बयान, गठबंधन के सभी रास्ते खुले (Photo- Newstrack)
Muzaffarnagar News: उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होने लगी हैं। इसी बीच नगीना सांसद और आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद ने गठबंधन, चुनाव प्रक्रिया और विपक्ष की ताकत को लेकर बड़ा बयान दिया है। शनिवार, 24 अक्टूबर को वह मुजफ्फरनगर जिले की मीरापुर विधानसभा सीट के मोरना क्षेत्र में अपनी पार्टी के प्रभारी प्रत्याशी रविंद्र भाटी के समर्थन में जनसभा को संबोधित करने पहुंचे थे। यहां उन्होंने समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन की संभावनाओं पर अपनी बात रखी और भाजपा को हराने के लिए विपक्षी दलों से मिलकर चुनाव लड़ने की अपील की।
गठबंधन पर बोले चंद्रशेखर, सभी विकल्प खुले
मीडिया से बातचीत में चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि उन्हें लगता है कि समाजवादी पार्टी के लोग हारना पसंद करेंगे, लेकिन मिलकर भाजपा को हराना पसंद नहीं करेंगे। हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि लोकतंत्र में गठबंधन के सभी विकल्प खुले हुए हैं। वह इंडिया गठबंधन के लोगों से भी मिलकर चुनाव लड़ने की अपील कर रहे हैं। अगर कोई साथ नहीं आएगा तो आगे की स्थिति देखकर फैसला लिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी इस बात का ध्यान रख रही है कि विपक्षी वोटों का बंटवारा न हो। वोट किसी की जेब में नहीं है, बल्कि जनता अपने फैसले से नेताओं को आगे बढ़ाती है। चंद्रशेखर ने दावा किया कि मीरापुर में इस बार वोटों का बंटवारा नहीं हुआ तो आजाद समाज पार्टी को अच्छी जीत मिल सकती है। उन्होंने कहा कि उपचुनाव में पार्टी को करीब 24 हजार वोट मिले थे। निष्पक्ष चुनाव और वोटों के जुड़ने की स्थिति में रविंद्र भाटी के एक लाख से ज्यादा वोट लेकर विधानसभा पहुंचने की उम्मीद जताई।
बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग
चंद्रशेखर आजाद ने हाल में हुए एमएलसी चुनाव का जिक्र करते हुए मतदाता सूची में गलत नाम दर्ज होने का आरोप लगाया। उन्होंने सवाल उठाया कि जब मतदाता और उनके पिता के नाम में गलतियां हैं तो निष्पक्ष चुनाव कैसे होगा। उन्होंने सरकार से इन मामलों पर जवाब देने की मांग की और कहा कि चुनाव प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए।
उन्होंने 2027 का विधानसभा चुनाव ईवीएम के बजाय बैलेट पेपर से कराने की मांग की। उनका आरोप था कि एमएलसी चुनाव में सरकार ने चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि इस बार विपक्ष अकेले चुनाव लड़ा है और एमएलसी चुनाव का परिणाम विपक्ष की ताकत का संकेत देगा। इसी नतीजे से 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर भी अंदाजा लगाया जा सकेगा।
गन्ने के दाम और शिक्षा को लेकर सरकार से सवाल
चंद्रशेखर आजाद ने सरकार से गन्ने के मूल्य में बढ़ोतरी को लेकर सवाल किया। उन्होंने पूछा कि जब चीनी का दाम 60 रुपये तक हो सकता है तो गन्ने का मूल्य 600 रुपये क्यों नहीं हो सकता। उन्होंने अच्छे स्कूल बनाने, शिक्षा मुफ्त करने, अस्पतालों में बेहतर सुविधाएं देने और रोजगार उपलब्ध कराने को लेकर भी सरकार से सवाल पूछे।
उन्होंने पंचायत चुनावों में देरी का मुद्दा उठाते हुए दावा किया कि सरकार चुनाव से डरी हुई है। साथ ही उन्होंने निष्पक्ष चुनाव कराने की मांग दोहराई।
आजम खान से मुलाकात पर भी रखी बात
समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव और आजम खान की मुलाकात को लेकर चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि आजम खान उनकी पार्टी के नेता हैं और उनसे मिलना चाहिए। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि आजम खान के साथ हुआ अन्याय किसी से छिपा नहीं है। चंद्रशेखर ने कहा कि वह हर पीड़ित से मिलते हैं और उसकी आवाज उठाते हैं।
26 नवंबर की महारैली में पहुंचने की अपील
मोरना में जनसभा के दौरान चंद्रशेखर आजाद ने लोगों से 26 नवंबर को लखनऊ में होने वाली आजाद समाज पार्टी और भीम आर्मी की महारैली में पहुंचने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि 26 नवंबर संविधान दिवस है और उनके लिए यह गुलामी से मुक्ति का दिन है। उन्होंने लोगों से रैली में शामिल होने की अपील करते हुए कहा कि उन्हें सभी के आने का इंतजार रहेगा।
चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में दलितों, पिछड़ों, मुसलमानों और मजदूरों को साथ लेकर गठबंधन को मजबूत बनाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में उनकी पार्टी की राजनीतिक ताकत और गठबंधन की स्थिति को लेकर जानकारी दी जाएगी।


