गोरखपुर जेल में परवेज परवाज की मौत, CM योगी के खिलाफ केस कर आया था चर्चा में

गोरखपुर जिला जेल में 72 वर्षीय परवेज परवाज की मौत हो गई। दुष्कर्म मामले में उम्रकैद की सजा काट रहा परवेज 2007 में CM योगी आदित्यनाथ के खिलाफ केस करने के बाद चर्चा में आया था। जानें पूरा मामला।

Alakha Singh
Published on: 11 Oct 2026 12:13 PM IST
गोरखपुर जेल में परवेज परवाज की मौत, CM योगी के खिलाफ केस कर आया था चर्चा में
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Gorakhpur News: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिला जेल में आजीवन कारावास की सजा काट रहे परवेज परवाज की मौत हो गई। 72 वर्षीय परवेज लंबे समय से बीमार था। बीती रात उसकी तबीयत बिगड़ने के बाद जेल प्रशासन ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। उसे मधुमेह और उच्च रक्तचाप समेत कई बीमारियां थीं। हाल ही में जेल प्रशासन की ओर से उसकी आंखों का ऑपरेशन भी कराया गया था।

परवेज परवाज करीब आठ साल से जेल में बंद था। वह वर्ष 2007 में गोरखपुर में हुए सांप्रदायिक दंगों को लेकर तत्कालीन सांसद और वर्तमान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग करने के बाद सुर्खियों में आया था। बाद में उसके मामले में पेश की गई सीडी से छेड़छाड़ का मामला सामने आया और फरवरी 2024 में उसे इस प्रकरण में सात साल की सजा सुनाए जाने की खबर आई थी।

दुष्कर्म मामले में मिली थी उम्रकैद की सजा

परवेज परवाज गोरखपुर के राजघाट थाना क्षेत्र के तुर्कमानपुर का रहने वाला था। जून 2018 में एक महिला ने उसके और महमूद उर्फ जुम्मन बाबा के खिलाफ सामूहिक दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया था। महिला ने आरोप लगाया था कि दोनों ने झाड़-फूंक के बहाने उसे बुलाया और हथियार के बल पर उसके साथ दुष्कर्म किया।

मामले की सुनवाई के बाद जुलाई 2020 में गोरखपुर की जिला एवं सत्र अदालत ने परवेज परवाज और जुम्मन बाबा को दोषी करार देते हुए आजीवन सश्रम कारावास की सजा सुनाई थी। अदालत ने दोनों पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया था। जुर्माने की राशि में से कुल 40 हजार रुपये पीड़िता के पुनर्वास के लिए देने का आदेश दिया गया था। जुर्माना जमा नहीं करने की स्थिति में दोनों को एक-एक साल की अतिरिक्त सजा भुगतनी थी।

झाड़-फूंक के बहाने बुलाने का आरोप

अभियोजन पक्ष के अनुसार, महिला का अपने पति से मनमुटाव चल रहा था। वह पति को अपने वश में करने के उद्देश्य से मगहर की एक मस्जिद में झाड़-फूंक कराने जाती थी। इसी दौरान उसकी मुलाकात जुम्मन बाबा से हुई।

महिला की शिकायत के मुताबिक, 3 जून 2018 को जुम्मन ने उसे गोरखपुर के पांडेयहाता इलाके में एक दुकान के पास यह कहकर बुलाया कि मस्जिद में उसके लिए दुआ की जाएगी। वहां परवेज परवाज भी मौजूद था। महिला ने आरोप लगाया कि दोनों उसे रिवॉल्वर के बल पर सुनसान जगह ले गए और उसके साथ दुष्कर्म किया।

शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच की। बाद में अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर दोनों को दोषी ठहराया और उम्रकैद की सजा सुनाई। परवेज के सह-दोषी जुम्मन बाबा की भी सजा काटने के दौरान पहले मौत हो चुकी थी।

2007 के गोरखपुर दंगों के बाद योगी आदित्यनाथ के खिलाफ उठाया था मामला

परवेज परवाज का नाम पहली बार व्यापक रूप से वर्ष 2007 में चर्चा में आया था। उस समय गोरखपुर में सांप्रदायिक तनाव और हिंसा की घटनाओं के बीच उसने तत्कालीन सांसद योगी आदित्यनाथ समेत कई जनप्रतिनिधियों के खिलाफ अदालत का दरवाजा खटखटाया था। उसने आरोप लगाया था कि 27 जनवरी 2007 को गोरखपुर रेलवे स्टेशन के पास दिए गए कथित भड़काऊ भाषण के कारण हिंसा भड़की थी।

इस मामले में परवेज की ओर से सीडी को साक्ष्य के रूप में पेश किया गया था। बाद में सीडी की जांच में छेड़छाड़ की बात सामने आई। इसके बाद अदालत के आदेश पर परवेज के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया गया। इस प्रकरण में योगी आदित्यनाथ के खिलाफ अभियोजन की अनुमति नहीं मिलने के बाद मामला आगे नहीं बढ़ सका।

सीडी से छेड़छाड़ के मामले में 2024 में भी हुई थी सजा

परवेज परवाज से जुड़ा मामला दुष्कर्म की सजा तक ही सीमित नहीं रहा। फरवरी 2024 में प्रकाशित खबरों के अनुसार, गोरखपुर की मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अदालत ने योगी आदित्यनाथ समेत कई जनप्रतिनिधियों की छवि को नुकसान पहुंचाने से जुड़े सीडी प्रकरण में परवेज को सात साल की सजा और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। उस समय वह दुष्कर्म के मामले में मिली उम्रकैद की सजा काट रहा था।

इस तरह परवेज परवाज का नाम गोरखपुर के 2007 के दंगों से जुड़े विवाद, सीडी से छेड़छाड़ के मुकदमे और 2018 के दुष्कर्म मामले के कारण लगातार चर्चा में रहा। अब गोरखपुर जिला जेल में उसकी मौत हो गई है।

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Alakha Singh is a Senior journalist with having more than one decade of experience in digital media. Alakha Singh has covered Loksabha Elections 2014 and 2019 closely with the several state assembly elections. He has expertise in SEO oriented content writing on various topics and issues. At HT Digital Alakha Singh has been recognised as one of the top performer of the team for many years continuously. At Livehindustan Alakha has worked on National, States and Utility beats (Career Beat in last 4 years mainly), Earlier he worked with HT Digital for more than 8 years and 2.5 years with Amar Ujala web. In initial days of his career Alakha Singh also worked as a reporter (stringer) with NBT Gurgaon. He pursued P.G. Diploma in Journalism from South Campus, University of Delhi in 2013 and MAMC from Kurukshetra University in 2014. He Belongs to District Banda of Uttar Pradesh.

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