Pilibhit News: पीलीभीत डीआईओएस घोटाला: 8 करोड़ गबन में 7 महिलाएं गिरफ्तार

Pilibhit News: डीआईओएस कार्यालय से 53 खातों में करोड़ों का गबन, मुख्य आरोपी की पत्नियों, साली और सास समेत 7 महिलाएं गिरफ्तार, 5.5 करोड़ रुपये फ्रीज किए गए।

Pranjal Gupata
Published on: 1 May 2026 10:40 PM IST
Pilibhit DIOS scam: 7 women arrested in Rs 8 crore embezzlement
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पीलीभीत डीआईओएस घोटाला: 8 करोड़ गबन में 7 महिलाएं गिरफ्तार (Photo- Newstrack)

Pilibhit News: पीलीभीत: उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जनपद में जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) कार्यालय से जुड़े करोड़ों रुपये के गबन मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस ने सात महिला आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। गिरफ्तार महिलाओं में मुख्य आरोपी इल्हाम शम्सी की दो पत्नियां, साली, सलहज और सास शामिल हैं। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि इस पूरे घोटाले में सरकारी खजाने से करीब 8 करोड़ रुपये का गबन किया गया।

गबन का तरीका और खुलासा

जानकारी के अनुसार, इल्हाम शम्सी मूल रूप से बीसलपुर तहसील के एक इंटर कॉलेज में चपरासी के पद पर तैनात था, लेकिन लंबे समय से डीआईओएस कार्यालय में बाबू के रूप में कार्य कर रहा था। इसी दौरान उसने ट्रेजरी विभाग के कुछ कर्मचारियों से सांठगांठ कर वेतन बिल और टोकन जनरेशन की प्रक्रिया का दुरुपयोग किया।


जांच में पता चला कि आरोपी ने 53 अलग-अलग संदिग्ध खातों में सरकारी धन ट्रांसफर किया। ये खाते उसकी पत्नियों, रिश्तेदारों और करीबी महिलाओं के नाम पर खोले गए थे। सितंबर 2024 से अब तक करीब 98 ट्रांजैक्शन के जरिए करोड़ों रुपये का लेनदेन किया गया।

पुलिस कार्रवाई और आगे की जांच

मामले के खुलासे के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए करीब 5 करोड़ 50 लाख रुपये की रकम को फ्रीज कर दिया है। इसके साथ ही लुबिना, फातिमा, परवीन खातून, ऐश्कारा, नाहिद और आफिया खान समेत कुल सात महिलाओं को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है।

एएसपी विक्रम दहिया ने इस मामले का खुलासा करने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपये के इनाम की घोषणा की है। पुलिस का कहना है कि यह एक संगठित सिंडिकेट है और इसमें कई अन्य अधिकारी और कर्मचारी भी शामिल हो सकते हैं।

फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की गहन जांच में जुटी हुई है और अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं, जिससे कई अधिकारियों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।

Shashi kant gautam

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