Prayagraj News: तालाब चौड़ीकरण की आड़ में मिट्टी बेचने का आरोप, बीडीओ ने लगाई फटकार

Prayagraj News: प्रयागराज के गोठी गांव में तालाब चौड़ीकरण की आड़ में मिट्टी बेचने के आरोप पर बीडीओ ने मौके का निरीक्षण कर जांच और कार्रवाई के निर्देश दिए।

Syed Raza
Published on: 6 July 2026 8:37 PM IST
Prayagraj News:  तालाब चौड़ीकरण की आड़ में मिट्टी बेचने का आरोप, बीडीओ ने लगाई फटकार
X

Prayagraj News

Prayagraj News: कौंधियारा विकासखंड के गोठी गांव में स्थित तालाब संख्या-56 के चौड़ीकरण एवं सौंदर्यीकरण कार्य में अनियमितता और बड़े पैमाने पर मिट्टी बेचने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने सोमवार दोपहर करीब एक बजे खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) डॉ. कंचन यादव से शिकायत कर आरोप लगाया कि तालाब के विकास के नाम पर उसका अस्तित्व ही समाप्त किया जा रहा है। शिकायत मिलने के बाद बीडीओ तत्काल गांव पहुंचीं और मौके का निरीक्षण किया।

निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों ने बताया कि लगभग सात बीघा क्षेत्रफल में फैले तालाब को सौंदर्यीकरण के लिए चिन्हित किया गया था, लेकिन ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत अधिकारी की मिलीभगत से जेसीबी मशीन लगाकर तालाब के अंदरूनी हिस्से से बड़े पैमाने पर मिट्टी निकालकर बेची गई। ग्रामीणों का आरोप है कि तालाब के चारों ओर की मेड़ छोड़कर भीतर का लगभग एक-तिहाई हिस्सा खोद दिया गया, जिससे तालाब का प्राकृतिक स्वरूप पूरी तरह प्रभावित हो गया है।

स्थानीय निवासी ओमप्रकाश पांडे और अनिल कुमार ने बताया कि गर्मी के दिनों में इस तालाब से दिन-रात मिट्टी का खनन कर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के माध्यम से बाहर भेजी जाती थी। जब ग्रामीणों ने इसका विरोध किया तो संबंधित लोगों द्वारा अभद्र व्यवहार किया गया और झगड़े पर उतारू हो गए। ग्रामीणों का कहना है कि लगातार मिट्टी निकाले जाने के कारण तालाब की जलधारण क्षमता घट गई है और अब उसमें पानी भी नहीं ठहर पा रहा है, जिससे गांव के लोगों और पशुओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि विरोध करने पर ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत अधिकारी ने कहा कि वे अपनी मर्जी से तालाब में जो चाहें, वह कर सकते हैं। हालांकि यह आरोप ग्रामीणों द्वारा लगाए गए हैं, जिनकी जांच प्रशासन द्वारा की जा रही है।शिकायत मिलने के बाद बीडीओ डॉ. कंचन यादव ने मौके पर पहुंचकर ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत अधिकारी को कड़ी फटकार लगाई।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि जांच में अनियमितता और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की पुष्टि होती है तो जिम्मेदार लोगों के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बीडीओ ने संबंधित अधिकारियों को मामले की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए हैं।इस घटना के बाद गांव में प्रशासन की कार्रवाई को लेकर चर्चाएं तेज हैं। ग्रामीणों ने मांग की है कि तालाब की मूल स्थिति बहाल कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में सार्वजनिक जल स्रोतों के साथ इस प्रकार की अनियमितता दोबारा न हो सके।

Syed Raza
ABOUT THE AUTHOR

Syed Raza

वरिष्ठ संवाददाता, प्रयागराजPrayagrajSyedRaza@newstracksite.vocalwire.com
Next Story