TRENDING TAGS :
कौन बनेगा राम मंदिर का CEO? 18 दावेदारों पर टिकी नजर, इंटरव्यू में पूछे गए चौंकाने वाले सवाल
Ram Mandir CEO Interview: राम मंदिर CEO पद के लिए 5,300 से ज्यादा आवेदनों में सिर्फ 18 उम्मीदवार शॉर्टलिस्ट हुए हैं। इंटरव्यू में आस्था, शिखा-जनेऊ, खान-पान, शराब और धार्मिक परंपराओं से जुड़े सवाल पूछे गए।
Image Source- Social Media
Ram Mandir CEO Interview: राम मंदिर ट्रस्ट के CEO पद के लिए चयन प्रक्रिया अब अपने आखिरी दौर में पहुंच गई है। 11 अगस्त से CEO पद के लिए इंटरव्यू (Interview) शुरू हो गए हैं, जो 12 अगस्त तक चलेंगे। देशभर से आए 5,300 से ज्यादा आवेदनों में से सिर्फ 18 योग्य उम्मीदवारों को इंटरव्यू के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया है। पहले दिन 10 उम्मीदवारों का इंटरव्यू हुआ, जबकि बाकी 8 उम्मीदवारों का इंटरव्यू बुधवार को होगा।
18 उम्मीदवार शॉर्टलिस्ट
राम मंदिर (Ram Mandir) के CEO पद के लिए देशभर से 5,300 से ज्यादा आवेदन मिले थे। इन आवेदनों की जांच के बाद सिर्फ 18 योग्य उम्मीदवारों को इंटरव्यू राउंड के लिए चुना गया है। अब इन्हीं उम्मीदवारों में से राम मंदिर ट्रस्ट (Ram Mandir Trust) के CEO का चयन किया जाना है।
11 अगस्त को 18 में से 10 उम्मीदवारों का आमने-सामने इंटरव्यू (Face-to-Face Interview) लिया गया। बाकी 8 उम्मीदवारों का इंटरव्यू 12 अगस्त को होगा।
मंदिर परिसर के ग्रीन हाउस में हुआ इंटरव्यू
CEO पद के लिए इंटरव्यू अयोध्या स्थित राम मंदिर परिसर के उत्तरी हिस्से में बने ग्रीन हाउस (Green House) में आयोजित किया गया। मंगलवार को हुए इंटरव्यू में तीन पूर्व आईएएस अधिकारी, एक रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी और पूर्व सैन्य एवं शिक्षा क्षेत्र से जुड़े चार अनुभवी अधिकारी शामिल हुए।
इंटरव्यू प्रक्रिया सुबह 9 बजे शुरू हुई और इसे दो सेशन में पूरा किया गया। पहला सेशन सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक चला, जबकि दूसरा सेशन दोपहर 2 बजे से शाम 6 बजे तक जारी रहा। हर उम्मीदवार से करीब 25 से 30 मिनट तक बातचीत की गई।
पूर्व IPS अधिकारी राजेश पांडेय भी रेस में
राम मंदिर CEO पद के संभावित उम्मीदवारों में पूर्व आईपीएस अधिकारी राजेश पांडेय (Rajesh Pandey) का नाम भी शामिल है। उनका इंटरव्यू 12 अगस्त को होना है। राजेश पांडेय यूपी एसटीएफ (UP STF) के संस्थापक सदस्यों में रहे हैं। इसके अलावा वह लखनऊ के अलीगंज स्थित ऐतिहासिक हनुमान मंदिर के सचिव भी हैं।
पूर्व आईएएस अधिकारी योगेश्वर मिश्रा (Yogeshwar Mishra) का नाम भी CEO पद के लिए चर्चा में है। वह फैजाबाद के जिलाधिकारी रह चुके हैं।
यहां मंगलवार को हुए इंटरव्यू के दौरान चयन समिति के तीनों सदस्य, उम्मीदवार और राम मंदिर ट्रस्ट के अंतरिम महासचिव डॉ. कृष्ण मोहन मौजूद रहे।
उम्मीदवारों से पूछे गए करीब तीन दर्जन सवाल
इंटरव्यू से पहले सभी उम्मीदवारों से करीब तीन दर्जन सवालों वाला ऑनलाइन गूगल फॉर्म (Google Form) भरवाया गया था। इसके बाद आमने-सामने इंटरव्यू में उम्मीदवारों से उनके प्रशासनिक पदों पर काम करने के अनुभव के बारे में सवाल किए गए।
उम्मीदवारों से धार्मिक और सामाजिक संस्थाओं के संचालन के अनुभव के साथ-साथ राम मंदिर की व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के उनके प्लान (Plan) के बारे में भी पूछा गया। इंटरव्यू में उम्मीदवारों की राम मंदिर और भगवान श्रीराम के प्रति आस्था की गहराई को भी परखा गया।
धार्मिक संस्थानों के संचालन और विजन पर भी सवाल
उम्मीदवारों से धार्मिक संस्थानों के संचालन के पुराने अनुभव और मंदिर प्रबंधन (Temple Management) को लेकर उनके विजन (Vision) से जुड़े सवाल भी किए गए। उनके सीवी (CV) में दी गई जानकारियों के बारे में भी सवाल पूछे गए।
इसके अलावा उम्मीदवारों की पसंद और नापसंद से जुड़े सवाल भी इंटरव्यू का हिस्सा रहे। उनसे पूछा गया कि क्या वह शिखा रखते हैं, जनेऊ पहनते हैं और पूरी तरह शाकाहारी हैं या मांसाहारी भोजन करते हैं।
उम्मीदवारों से शराब पीने और हिंदू धार्मिक परंपराओं के मुताबिक पोशाक पहनने में सहज होने से जुड़े सवाल भी पूछे गए।
परिवार और भीड़ प्रबंधन पर भी मांगी जानकारी
इंटरव्यू में उम्मीदवारों से उनके परिवार के बारे में भी जानकारी मांगी गई। इसके साथ ही बड़े धार्मिक आयोजनों में भीड़ प्रबंधन (Crowd Management) को लेकर उनके अनुभव और समझ के बारे में भी सवाल किए गए।
राम मंदिर में हर दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने को देखते हुए मंदिर की व्यवस्थाओं को संभालने की क्षमता और धार्मिक संस्थान के प्रबंधन को लेकर उम्मीदवारों की सोच को भी चयन प्रक्रिया का अहम हिस्सा बनाया गया है।
2 सितंबर तक सौंपना होगा तीन नामों का पैनल
CEO पद के लिए इंटरव्यू का अगला दौर 12 अगस्त को भी जारी रहेगा। चयन समिति को 2 सितंबर तक तीन नामों का पैनल (Panel) राम मंदिर ट्रस्ट को सौंपना है। इसके बाद राम मंदिर ट्रस्ट की कार्यकारी समिति इन तीन उम्मीदवारों में से एक का चयन करेगी।
इसके बाद राम मंदिर के CEO के नाम का आधिकारिक ऐलान किया जाएगा।
CEO के जिम्मे होंगे बड़े प्रशासनिक और वित्तीय फैसले
राम मंदिर का CEO ट्रस्ट का सर्वोच्च कार्यकारी अधिकारी (Chief Executive Officer) होगा। उसके जिम्मे मंदिर से जुड़े प्रशासनिक, वित्तीय, कानूनी और सुरक्षा से जुड़े बड़े फैसले होंगे। इसके साथ ही श्रद्धालुओं की व्यवस्थाओं को बेहतर तरीके से संचालित करने की जिम्मेदारी भी CEO की होगी।
चढ़ावा चोरी के बाद CEO नियुक्त करने का फैसला
राम मंदिर में चढ़ावा चोरी (Donation Theft) का मामला सामने आने के बाद ट्रस्ट ने CEO नियुक्त करने का फैसला किया है। CEO के चयन के लिए तीन सदस्यीय विशेष समिति (Selection Committee) बनाई गई है।
इस समिति में रिटायर्ड जज प्रमोद कोहली, पूर्व वैज्ञानिक डॉ. सुरेश हावड़े और रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल विष्णुकांत चतुर्वेदी शामिल हैं। यही समिति इंटरव्यू प्रक्रिया के बाद तीन नामों का पैनल तैयार करके राम मंदिर ट्रस्ट को सौंपेगी।


