कलेक्ट्रेट की जमीन के नीचे निकला रहस्यमयी कुआं! सहारनपुर में बुलडोजर एक्शन के बाद हड़कंप...हिंदू संगठनों का बड़ा दावा

Saharanpur Collectorate Mysterious Well: सहारनपुर कलेक्ट्रेट में बुलडोजर कार्रवाई के बाद मलबे के नीचे पुराना कुआं मिलने से हड़कंप मच गया। हिंदू संगठनों ने यहां प्राचीन मंदिर होने का दावा करते हुए ASI सर्वे की मांग की है।

Harsh Srivastava
Published on: 6 Sept 2026 1:11 PM IST (Updated on: 6 Sept 2026 1:12 PM IST)
कलेक्ट्रेट की जमीन के नीचे निकला रहस्यमयी कुआं! सहारनपुर में बुलडोजर एक्शन के बाद हड़कंप...हिंदू संगठनों का बड़ा दावा
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Saharanpur Collectorate Mysterious Well: उत्तर प्रदेश के सहारनपुर स्थित कलेक्ट्रेट परिसर में हाल ही में हुई बुलडोजर कार्रवाई के बाद एक बेहद चौंकाने वाला और नया विवाद सामने आया है। परिसर के भीतर बने एक अवैध ढांचे को ध्वस्त किए जाने के बाद जब वहां से मलबा साफ किया जा रहा था, तब अचानक जमीन के नीचे एक पुराना कुआं नजर आया। सरकारी जमीन पर बनी इमारत के ठीक नीचे कुएं की मौजूदगी उजागर होते ही प्रशासनिक महकमे में अफरा-तफरी मच गई। इस घटना के सामने आने के बाद से ही शहर में तरह-तरह की चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। अधिकारियों की मानें तो जो इमारत ढहाई गई है, उसे इसी कुएं को ढककर तैयार किया गया था।

बजरंग दल के पूर्व प्रांतीय संयोजक का बड़ा दावा

कलेक्ट्रेट परिसर में कुआं मिलने की खबर फैलते ही हिंदू संगठनों की हलचल तेज हो गई है। मामले के मुख्य शिकायतकर्ता और बजरंग दल के पूर्व प्रांतीय संयोजक विकास त्यागी ने इस नए खुलासे के बाद एक बहुत बड़ा दावा पेश किया है। मीडिया से चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि कुएं के सामने आने से उनका पुराना अंदेशा अब सच में बदल चुका है।

विकास त्यागी के मुताबिक सनातन परंपरा में कुएं को बेहद पवित्र और पूजनीय स्थान का दर्जा दिया गया है। उन्होंने आशंका व्यक्त की है कि इस जगह पर प्राचीन समय में कोई मंदिर मौजूद रहा होगा, जिसे नष्ट करके बाद में अवैध ढांचा खड़ा कर दिया गया। उन्होंने दावा किया कि यदि इस पूरे परिसर की ईमानदारी से खोदाई और जांच कराई जाए, तो यहां से प्राचीन देव मूर्तियां भी बरामद हो सकती हैं। इसी आधार पर उन्होंने शासन और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) से वैज्ञानिक सर्वे कराने की पुरजोर मांग की है।

SDM ने की कुएं की पुष्टि

मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारी तुरंत एक्शन में आ गए हैं। घटनास्थल पर जायजा लेने पहुंचे सहारनपुर सदर के उप-जिलाधिकारी (एसडीएम) सुबोध कुमार ने मीडिया के सामने स्पष्ट रूप से माना कि ढहाई गई इमारत के मलबे के नीचे कुएं की उपस्थिति पाई गई है।

उन्होंने बताया कि शुरुआती जांच में यही बात सामने आई है कि अवैध निर्माण पूरी तरह से कुएं को दबाकर ही खड़ा किया गया था। हालांकि, यह कुआं किस दौर का है और इसका निर्माण किसने कराया था, इससे जुड़े पुख्ता दस्तावेज अभी सामने नहीं आए हैं। साक्ष्यों को किसी भी प्रकार के नुकसान से बचाने और सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए फिलहाल प्रशासन ने उस पूरे हिस्से को सुरक्षित तरीके से ढकवा दिया है।

पुराने नक्शे और अभिलेख खंगालेगा महकमा

इस पूरे घटनाक्रम के बाद अब प्रशासनिक स्तर पर गहन छानबीन की रूपरेखा तैयार की जा रही है। कलेक्ट्रेट परिसर के सबसे पुराने नक्शों, राजस्व विभाग के सरकारी रजिस्टरों और ऐतिहासिक कागजातों की बारीकी से पड़ताल शुरू की जा रही है, ताकि इस संरचना के वास्तविक इतिहास और समय का सही पता लगाया जा सके।

जिला प्रशासन के उच्च अधिकारियों का कहना है कि दस्तावेजों की समीक्षा और जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद जो भी प्रामाणिक तथ्य सामने आएंगे, उन्हीं के आलोक में कानून के मुताबिक आगे के कदम उठाए जाएंगे। फिलहाल कलेक्ट्रेट के आसपास के इलाके में कौतूहल और तनाव का माहौल बना हुआ है।

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Harsh Srivastava

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Harsh Srivastava is a journalist currently working as Desk In-Charge at NewsTrack, Lucknow. He began his journalism career in 2023 and has previously worked with Hindustan, Times Internet and India News. He holds a Master’s degree in Journalism and Mass Communication (MJMC). His key areas of interest include politics, elections and crime, with a wider focus on governance, public policy and current affairs. He writes research-driven and SEO-focused digital stories, combining journalistic depth with an understanding of digital audiences. Harsh has covered the 2026 West Bengal Assembly Election, several state elections and bypolls, and extensively followed the Delhi CJP protest and its developments. His work includes news reports, explainers, features and analytical stories. Originally from Varanasi, Harsh has worked across Varanasi, Delhi and Lucknow, with experience spanning reporting, digital journalism, content writing and editorial operations.

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