Shravasti News: डीएम की बैठक में ठोस अपशिष्ट पृथक्करण और बूढ़ी राप्ती नदी के पुनरोद्धार पर जोर

Shravasti News: श्रावस्ती में डीएम की अध्यक्षता में पर्यावरण एवं गंगा संरक्षण समिति की बैठक हुई। ठोस अपशिष्ट के स्रोत पर पृथक्करण और बूढ़ी राप्ती नदी के पुनरोद्धार को लेकर अहम निर्देश दिए गए।

Radheshyam Mishra
Published on: 6 Aug 2026 6:39 PM IST
Shravasti News
X

Shravasti News(Photo-Social Media)

Shravasti News: जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग की अध्यक्षता में बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला पर्यावरण समिति एवं जिला गंगा संरक्षण समिति की संयुक्त बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में जनपद को स्वच्छ, हरित और प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। बैठक की शुरुआत में पूर्व बैठक में लिए गए निर्णयों की समीक्षा की गई। नामामि गंगे योजना के तहत चल रहे कार्यों की प्रगति पर चर्चा करते हुए डीएम ने सभी विभागों को वृक्षारोपण के दौरान किए गए पौधरोपण की रिपोर्ट शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

ठोस अपशिष्ट प्रबंधन पर सख्ती:

जिलाधिकारी ने कहा कि कचरे का निस्तारण अब स्रोत पर ही शुरू होना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि जनपद में घर-घर से निकलने वाले ठोस अपशिष्ट का सूखा और गीला कचरे के रूप में पृथक्करण कराया जाए। इसके उपचार और डिस्पोजल की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। प्लास्टिक प्रदूषण रोकने के लिए डीएम ने प्लास्टिक अपशिष्ट का डोर-टू-डोर कलेक्शन कराने, सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने और सभी सरकारी कार्यालयों को सिंगल यूज प्लास्टिक मुक्त घोषित करने के लिए कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए।

स्वास्थ्य और ई-कचरे पर फोकस:

बैठक में चिकित्सालयों में बायो मेडिकल वेस्ट के समुचित निस्तारण और जनपद में ई-वेस्ट के एकत्रीकरण व निस्तारण की व्यवस्था विकसित करने पर भी बल दिया गया। प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई के निर्देश दिए गए। डीएम ने कहा कि स्कूलों में बच्चों को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के महत्व के बारे में जागरूक किया जाए।

बूढ़ी राप्ती और जैविक खेती पर चर्चा:

बैठक में प्राकृतिक व जैविक खेती को बढ़ावा देने, सीवरेज ट्रीटमेंट इन्फ्रास्ट्रक्चर विकसित करने और छोटे तालाबों के साथ बूढ़ी राप्ती नदी के पुनरोद्धार के मुद्दे पर भी विस्तार से मंथन हुआ। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को बूढ़ी राप्ती को बचाने के लिए ठोस कदम उठाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नदी के संरक्षण के लिए जन सहभागिता जरूरी है।

बैठक का संचालन प्रभागीय वनाधिकारी धनराज मीणा ने किया

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी शाहिद अहमद, जिला विकास अधिकारी रामसमुझ, उप कृषि निदेशक रामाश्रय यादव, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. सुनील कुमार सिंह, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद भिनगा डॉ. अनीता शुक्ला सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।|

Radheshyam Mishra
ABOUT THE AUTHOR

Radheshyam Mishra

radheshyam.newstrackpr@gmail.com
Next Story