ऑपरेशन कनविक्शन का असर, 38 साल पुराने मामले में भी मिली सजा; दो अलग-अलग मामलों में चार दोषी करार

Shravasti News: श्रावस्ती में ऑपरेशन कनविक्शन के तहत पुलिस की प्रभावी पैरवी से दो अलग-अलग मामलों में चार अभियुक्त दोषी करार दिए गए। इनमें वर्ष 1988 का 38 साल पुराना मामला भी शामिल है। न्यायालय ने सभी दोषियों को कारावास और अर्थदंड से दंडित किया।

Radheshyam Mishra
Published on: 7 Nov 2026 7:46 PM IST
ऑपरेशन कनविक्शन का असर, 38 साल पुराने मामले में भी मिली सजा; दो अलग-अलग मामलों में चार दोषी करार
X

Shravasti News

Shravasti News: अपराध करके भूल जाने का दौर अब खत्म हो चुका है। श्रावस्ती पुलिस के ऑपरेशन कनविक्शन ने यह साबित कर दिया है कि मामला कितना भी पुराना क्यों न हो, दोषियों को सजा से बचना आसान नहीं है। पुलिस की प्रभावी पैरवी के चलते न्यायालय ने दो अलग-अलग मामलों में चार अभियुक्तों को दोषसिद्ध करार देते हुए सजा सुनाई है। इनमें एक मामला वर्ष 1988 का है, यानी करीब 38 साल पुराना।

पहला मामला थाना इकौना से संबंधित है। यहां वर्ष 1988 में मुकदमा अपराध संख्या 34/1988 के तहत धारा 147, 452, 323, 504 और 506 भादवि में मुकदमा दर्ज किया गया था। आरोप था कि अभियुक्तों ने वादी के घर में घुसकर मारपीट की, गाली-गलौज कर अपमानित किया और जान से मारने की धमकी दी, जिससे गांव में भय का माहौल पैदा हो गया था।इस मामले में मॉनिटरिंग सेल, जिला शासकीय अधिवक्ता और कोर्ट पैरोकार की प्रभावी पैरवी के बाद न्यायालय जेएम-01, बहराइच ने अभियुक्त राम प्रताप पुत्र कल्पनाथ और रामभवन पुत्र भैखनाथ, निवासी बसनेटा, थाना इकौना को दोषी करार दिया। न्यायालय ने दोनों अभियुक्तों को न्यायालय उठने तक के कारावास और एक-एक हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।दूसरा मामला थाना सोनवा से संबंधित है। यहां वर्ष 2007 में मुकदमा अपराध संख्या 62/2007 के तहत धारा 323, 504 और 506 भादवि में मुकदमा दर्ज किया गया था। आरोप था कि अभियुक्तों ने वादी के घर के सामने मारपीट की, गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी।

इस मामले में भी पुलिस की प्रभावी पैरवी का असर देखने को मिला। दिनांक 05.11.2026 को माननीय न्यायालय एसीजेएम/एफटीसी, जनपद श्रावस्ती ने अभियुक्त मेघनाथ उर्फ लोकनाथ और हग्गू उर्फ शिवनाथ, निवासी कमलानाथ, थाना सोनवा को दोषसिद्ध करार देते हुए न्यायालय उठने तक के कारावास और प्रत्येक अभियुक्त पर दो-दो हजार रुपये का अर्थदंड लगाया।बता दें कि पुलिस महानिदेशक, उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देश पर प्रदेशभर में ऑपरेशन कनविक्शन अभियान चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य महत्वपूर्ण और चिन्हित अभियोगों में प्रभावी पैरवी कर अभियुक्तों को शीघ्र सजा दिलाना है। इस अभियान की निगरानी अपर पुलिस महानिदेशक, गोरखपुर जोन और पुलिस उपमहानिरीक्षक, देवीपाटन परिक्षेत्र द्वारा की जा रही है।

जनपद में इस अभियान को सफल बनाने के लिए पुलिस अधीक्षक राहुल भाटी स्वयं महत्वपूर्ण मामलों की निगरानी कर रहे हैं। अपर पुलिस अधीक्षक चन्द्रकेश सिंह सहित संबंधित थाना प्रभारियों और पैरोकारों को प्रभावी पैरवी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऑपरेशन कनविक्शन का स्पष्ट संदेश है कि अपराध चाहे आज किया गया हो या 38 साल पहले, कानून की नजर से कोई नहीं बच सकता। न्याय मिलने में देरी हो सकती है, लेकिन अपराधियों को सजा दिलाने का प्रयास जारी रहेगा।

Radheshyam Mishra
ABOUT THE AUTHOR

Radheshyam Mishra

radheshyam.newstrackpr@gmail.com
Next Story