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गुजरात में भीषण सड़क हादसा, सीतापुर के छह मजदूरों की मौत से गांवों में पसरा मातम
Sitapur Labourers Death: गुजरात के कच्छ जिले में पिकअप और डंपर की टक्कर में सात लोगों की मौत हो गई। मृतकों में सीतापुर के छह मजदूर शामिल हैं। हादसे से गांवों में मातम पसरा है।
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Sitapur Labourers Death: गुजरात के कच्छ जिले में शुक्रवार को हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया। पिकअप और डंपर के बीच आमने-सामने की जोरदार टक्कर में सात लोगों की मौत हो गई। मृतकों में सीतापुर जिले के रामपुर मथुरा क्षेत्र के छह मजदूर शामिल बताए जा रहे हैं। हादसे की खबर जैसे ही उनके पैतृक गांवों तक पहुंची, परिवारों में चीख-पुकार मच गई। कई गांवों में शोक का माहौल है और परिजन अपनों को खोने के गम में बदहवास हैं।
रोजी-रोटी की तलाश में गुजरात गए थे मजदूर
जानकारी के अनुसार, सीतापुर जिले के रामपुर मथुरा क्षेत्र के रहने वाले मजदूर रोजगार के सिलसिले में गुजरात गए थे। शुक्रवार को कच्छ जिले में उनकी पिकअप की डंपर से जोरदार टक्कर हो गई। हादसा इतना भीषण था कि सात लोगों की जान चली गई। मृतकों में छह लोग सीतापुर के अलग-अलग गांवों के रहने वाले बताए गए हैं।
परिवार के भरण-पोषण और बेहतर रोजगार की उम्मीद लेकर दूसरे राज्य गए इन मजदूरों की मौत की खबर ने उनके परिजनों को तोड़कर रख दिया है। जिन घरों में अपनों के लौटने का इंतजार था, वहां अब मातम पसरा हुआ है।
सीतापुर के छह मृतकों की हुई पहचान
हादसे में जान गंवाने वाले सीतापुर जिले के छह लोगों की पहचान रामपुर मथुरा क्षेत्र के बिंद्रा पुरवा निवासी कुलदीप और संदीप, दहला गांव के दिनेश और अनिल, बरूवा बेहड़ा निवासी अनूप तथा खनेवा गांव के देशराज के रूप में बताई गई है।
एक ही हादसे में क्षेत्र के छह लोगों की मौत से आसपास के गांवों में भी शोक की लहर दौड़ गई है। मृतकों के परिवारों के लिए इस दुख को सहन करना बेहद मुश्किल हो रहा है। हादसे की सूचना मिलने के बाद से ही परिजन अपने प्रियजनों के शवों के गांव पहुंचने का इंतजार कर रहे हैं।
शवों को गांव लाने की प्रक्रिया पर नजर
गुजरात में हुए इस हादसे ने सीतापुर के उन परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है, जिनके सदस्य रोजी-रोटी कमाने के लिए घर से दूर गए थे। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, प्रशासन परिजनों के संपर्क में है और शवों को उनके पैतृक गांवों तक पहुंचाने की प्रक्रिया की जा रही है।
इस घटना ने एक बार फिर दूसरे राज्यों में रोजगार के लिए जाने वाले श्रमिकों की सुरक्षा और उनके परिवारों की मुश्किलों को सामने ला दिया है। फिलहाल, प्रभावित गांवों में शोक का माहौल है और परिजन अपनों के अंतिम संस्कार की तैयारी को लेकर जानकारी मिलने का इंतजार कर रहे हैं।


