पायलटों की जांच होगी और सख्त! डोप टेस्ट नियमों में बड़े बदलाव की तैयारी, Air India मामले के बाद DGCA को नए निर्देश
Air India News: एअर इंडिया की फुकेट-दिल्ली फ्लाइट AI 2379 के एक पायलट की डोप टेस्ट रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने DGCA को नियमों और जांच प्रक्रिया की समीक्षा के निर्देश दिए हैं।
Air India Flight
Air India News: एअर इंडिया की फुकेट-दिल्ली फ्लाइट AI 2379 से जुड़े मामले के बाद नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने पायलटों की डोप टेस्ट व्यवस्था को लेकर सख्त रुख अपनाया है। फ्लाइट के एक पायलट की डोप टेस्ट रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद मंत्रालय ने DGCA (नागर विमानन महानिदेशालय) को मौजूदा नियमों और जांच प्रक्रिया की समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं।
मंत्रालय अब यह देखना चाहता है कि पायलटों की डोप टेस्ट व्यवस्था को और प्रभावी कैसे बनाया जा सकता है। इसके लिए DGCA को दूसरे देशों में लागू नियमों और अंतरराष्ट्रीय प्रोटोकॉल का भी अध्ययन करने को कहा गया है।
पायलटों के डोप टेस्ट नियमों की होगी समीक्षा
नागरिक उड्डयन मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक DGCA को पायलटों और फ्लाइंग क्रू के डोप टेस्ट से जुड़े मौजूदा नियमों की दोबारा समीक्षा करने को कहा गया है।
इस समीक्षा में टेस्ट की प्रक्रिया, जांच के तरीके और रिपोर्ट से जुड़े विभिन्न पहलुओं को देखा जाएगा। इसके बाद जरूरत पड़ने पर मौजूदा नियमों में बदलाव किया जा सकता है।
भारत में फ्लाइंग क्रू के लिए डोप टेस्ट की व्यवस्था अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बताई जाती है। हालांकि, मौजूदा घटना के बाद मंत्रालय इसमें अतिरिक्त सुरक्षा प्रावधान जोड़ने की संभावना पर विचार कर रहा है।
दूसरे देशों के नियमों का भी होगा अध्ययन
मंत्रालय ने DGCA से कहा है कि वह दूसरे देशों में फ्लाइट क्रू के लिए लागू डोप टेस्ट प्रोटोकॉल का भी अध्ययन करे। इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि दुनिया के दूसरे विमानन नियामक पायलटों की जांच किस तरह करते हैं और वहां कौन-कौन से अतिरिक्त सुरक्षा उपाय लागू हैं। अंतरराष्ट्रीय व्यवस्थाओं की समीक्षा के बाद भारत में भी जरूरत के मुताबिक बदलाव किए जा सकते हैं।
Phuket से Delhi आ रही फ्लाइट में क्या हुआ था?
मामला 4 अगस्त का है, जब एअर इंडिया की फुकेट से दिल्ली आ रही फ्लाइट AI 2379 को उड़ान के दौरान तेज टर्बुलेंस का सामना करना पड़ा था।
अचानक हुए टर्बुलेंस के कारण कई यात्रियों को परेशानी हुई। घटना के बाद करीब 24 यात्रियों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू किंजरापु ने बाद में बताया था कि अस्पताल ले जाए गए ज्यादातर यात्रियों को शुरुआती कुछ घंटों में ही छुट्टी दे दी गई थी।
टर्बुलेंस की घटना के बाद फ्लाइट के दोनों पायलटों का डोप टेस्ट कराया गया। इसी जांच के दौरान एक पायलट की रिपोर्ट पॉजिटिव आई।
फिलहाल AI 2379 के पायलट की पॉजिटिव डोप टेस्ट रिपोर्ट के बाद विमानन सुरक्षा व्यवस्था में संभावित बदलावों पर चर्चा तेज हो गई है। आने वाले दिनों में DGCA की समीक्षा के आधार पर पायलटों के डोप टेस्ट को लेकर नए या ज्यादा सख्त प्रावधान सामने आ सकते हैं।